फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Satta Ka Sangram: मोकामा में हुई राजनीतिक बहस, जदयू नेता ने नीतीश के गिनाए काम; कांग्रेस ने किया पलटवार

Thu, 23 Oct 2025 06:48 PM IST
तरुणेंद्र चतुर्वेदी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

Bihar Vidhan Sabha Chunav 2025: बिहार में 6 और 11 नवंबर को होने वाले विधानसभा चुनावों को लेकर चुनावी माहौल गर्म है। इसी सिलसिले में अमर उजाला का चुनावी रथ ‘सत्ता का संग्राम’ गुरुवार को पटना की मोकामा विधानसभा पहुंचा। यहां शाम को राजनेताओं से कई मुद्दों पर बात हुई।
विज्ञापन
बिहार विधानसभा चुनाव 2025। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बिहार में सियासी पारा हर दिन चढ़ता ही जा रहा है और इस बीच अमर उजाला का चुनावी रथ ‘सत्ता का संग्राम’ पटना की मोकामा विधानसभा की धरती पर पहुंचा। आज 23 अक्तूबर की शाम को राजनेताओं से जनता के मुद्दे पर सवाल पूछे गए। इसके साथ ही उनके दावों-वादों को तोला गया कि किसके पक्ष में सियासी हवा बह रही है। जनता की उम्मीदें और सवाल क्या हैं?

इस बीच जदयू जिलाध्यक्ष अशोक चंद्रवंशी ने कहा कि हमारे मुख्यमंत्री और प्रदेश के नेता नीतीश कुमार बिहार के विकास के लिए कृतसंकल्प हैं। उन्होंने आगे कहा कि नीतीश जी को जहां से लगता है कि वहां से विकास की दिशा बेहतर होगी, वहीं वे कदम बढ़ाते हैं। जिलाध्यक्ष अशोक चंद्रवंशी ने कहा कि जदयू पार्टी विकास से कभी समझौता नहीं करती। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का एजेंडा पूरी तरह से विकास पर केंद्रित है। पहले बिहार में सात निश्चय योजना-1 पर काम हुआ था और आज सात निश्चय योजना-2 पर काम चल रहा है।

कांग्रेस नेता ने कसा तंज

विज्ञापन

इसी सात निश्चय योजना के सवाल पर जब कांग्रेस के पटना ग्रामीण के जिलाध्यक्ष गुरजीत सिंह से राय ली गई, तो उन्होंने कहा कि हमें तो कहीं विकास नजर नहीं आता, यह सिर्फ अखबारों में दिखता है, जमीन पर कुछ नहीं। इस पर जदयू जिलाध्यक्ष अशोक चंद्रवंशी ने तंज कसते हुए कहा कि जिसे बिहार का विकास नहीं दिखता, उसे निश्चय योजना कहां से नजर आएगी। ऐसे लोगों को तो बिहार के विनाश की चिंता रहती है।

जदयू नेता पवन दीप चंद्रवंशी का बयान
जदयू के एक अन्य नेता पवन दीप चंद्रवंशी ने कहा कि मोकामा विकास की वह कड़ी है, जिसने बिहार में सुशासन और विकास की धारा को आगे बढ़ाया है। उन्होंने कहा कि मोकामा एनडीए के साथ है और यहां से अनंत सिंह उम्मीदवार हैं। जनता उन्हें पसंद करती है और वे अपनी बात को बेबाकी से रखते हैं।

कांग्रेस जिलाध्यक्ष की प्रतिक्रिया
वहीं कांग्रेस के पटना ग्रामीण के जिलाध्यक्ष गुरजीत सिंह ने अपनी पार्टी का पक्ष रख रखते हुए कहा कि मोकामा में कांग्रेस पार्टी का कार्यक्रम अच्छे से चल रहा है। उन्होंने बताया कि पार्टी के नेता गांव-गांव जाकर जनता को जागरूक करने का काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि हम अपने सहयोगी दल के प्रत्याशी को जिताने के लिए काम करेंगे, ताकि सत्ता परिवर्तन हो। हालांकि उन्होंने यह भी जोड़ा कि अगर प्रदेश स्तर से कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को सही दिशा-निर्देश मिलें, तो हम और मजबूती से मैदान में उतर सकते हैं।

विज्ञापन


पढ़ें: ऑनलाइन निवास प्रमाण पत्र में ‘डॉग फैमिली’ की एंट्री, कुत्ता कुमार का नाम देख अधिकारी भड़के; FIR

वहीं जदयू नेता पवन दीप चंद्रवंशी ने कहा कि यहां पार्टी की नहीं, उम्मीदवारों की लड़ाई है। उन्होंने कहा कि 2000 से 2004 के बीच सूरजभान सिंह को मोकामा की जनता ने बलिया, नवादा और मुंगेर से सांसद बनाया था, लेकिन उस समय मोकामा का औद्योगिक भविष्य अपराध के कारण चौपट हो गया। उन्होंने आगे कहा कि अनंत सिंह के 20 साल के कार्यकाल में मोकामा ने अपराध की छाया से बाहर निकलकर औद्योगिक विकास की ओर कदम बढ़ाया है। अब यहां फैक्टरी लगने का दौर शुरू हुआ है और किसान सुरक्षित महसूस कर रहे हैं।

युवा की प्रतिक्रिया
एक युवक ने अपनी बात रखते हुए कहा कि यहां के लोगों को पिछली बातों में उलझे रहने की आदत हो गई है। कोई भी पार्टी या नेता मोकामा के एजेंडे पर बात नहीं करता। उसने जदयू और कांग्रेस दोनों नेताओं से सवाल किया कि आपका मेनिफेस्टो क्या है? मोकामा के विकास के लिए आपका एजेंडा क्या है? अगले पांच साल में आप क्या काम करेंगे? अंत में युवक ने कहा कि यहां तो नोटा ही एकमात्र विकल्प है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें