गिरिराज सिंह ने ट्वीट कर कहा कि सत्ता का नशा हो, तो जमीन नजर नहीं आती हो, आंखों पर पर्दा हो और लोगों का दर्द सुनाई न दे तो सत्ता हमेशा सजग चौकीदार से ही सवाल पूछती है। वहीं, प्रदेश भाजपा कार्यालय में स्थानीय पत्रकारों से अनौचारिक बातचीत में गिरिराज ने कहा कि मुझे सच कहने से कोई नहीं रोक सकता।
उन्होंने कहा कि जब ताली सरकार को मिलेगी तो गाली भी सरकार को ही मिलेगी। उपमुख्यमंत्री को घर से निकलते हुए लोगों ने देखा है। पटना के लोगों की पीड़ा के लिए आखिरकार कोई तो जिम्मेवार है। मैं केवल प्रधानमंत्री के प्रति जिम्मेवार हूं और जब वे कहेंगे तो मंत्रीपद छोड़ने में एक मिनट की भी देरी नहीं करूंगा।
जदयू के मंत्रियों ने गिरिराज सिंह के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। भवन निर्माण मंत्री डॉ. अशोक चौधरी ने कहा कि गिरिराज सिंह की महत्वाकांक्षा बढ़ गई है। चुनाव में वोट दिलाने के लिए नीतीश कुमार के पास क्षेत्र में चलने का आग्रह कर सकते हैं तो ऐसा क्या हो गया कि उनके यहां कोई समस्या थी या कोई अधिकारी उनकी बात नहीं सुन रहे तो वे मुख्यमंत्री को यह नहीं बता सकते।
उन्होंने कहा कि गिरिराज जी मीडिया ब्वॉय बने रहने के लिए फिजूल का बयान देते रहते हैं। कभी पाकिस्तान, कभी हिंदू तो कभी मुस्लिम मुद्दों पर बोलते हैं। वे अपने करीबी लोगों का स्कोर बढ़ाने के लिए अनाप-शनाप बयान दे रहे हैं।