सदर अस्पताल का निरीक्षण करते एसडीएम
सरोजा सीताराम सदर अस्पताल। मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने के प्रशासनिक दावों के बीच गुरुवार को सरोजा सीताराम सदर अस्पताल की व्यवस्थाओं की हकीकत सामने आ गई। नवपदस्थापित अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीओ) डॉ. अनंत कुमार ने सुबह अस्पताल का औचक निरीक्षण किया, जिसमें अधिकांश चिकित्सक एवं स्वास्थ्यकर्मी ड्यूटी से अनुपस्थित मिले।
निरीक्षण के दौरान अस्पताल में करीब 95 प्रतिशत स्वास्थ्यकर्मी और चिकित्सक निर्धारित समय पर मौजूद नहीं थे। वहीं, सुबह आठ बजे खुलने वाला पंजीकरण काउंटर भी करीब नौ बजे तक बंद मिला, जिससे इलाज के लिए पहुंचे मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
एक्स-रे विभाग में नाबालिग कर रहा था काम
निरीक्षण के दौरान पैथोलॉजी विभाग में तैनात चार कर्मचारियों में से तीन अनुपस्थित पाए गए। सबसे गंभीर अनियमितता एक्स-रे विभाग में सामने आई, जहां एक कर्मचारी के स्थान पर उसका नाबालिग पुत्र कार्य करता मिला। एसडीओ ने तत्काल उसे वहां से हटाया और संबंधित कर्मचारी को कड़ी फटकार लगाते हुए पूरे मामले की जांच कराने का निर्देश दिया। अस्पताल परिसर के कई विभागों की कार्यप्रणाली भी संतोषजनक नहीं मिली।
'लापरवाही किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं होगी'
निरीक्षण के बाद एसडीओ डॉ. अनंत कुमार ने कहा कि सरकारी अस्पताल में मरीजों को समय पर और गुणवत्तापूर्ण उपचार उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। ड्यूटी से अनुपस्थित रहना, समय पर सेवाएं उपलब्ध नहीं कराना तथा अनधिकृत व्यक्ति से सरकारी कार्य कराना गंभीर लापरवाही की श्रेणी में आता है, जिसे किसी भी परिस्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
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अनुपस्थित कर्मियों पर कार्रवाई के निर्देश, अस्पताल में मचा हड़कंप
एसडीओ ने अनुपस्थित चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने का निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया। साथ ही स्पष्ट किया कि अस्पतालों में औचक निरीक्षण आगे भी जारी रहेगा और लापरवाही बरतने वाले किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा। एसडीओ की इस कार्रवाई के बाद सदर अस्पताल में हड़कंप मच गया। वहीं, मरीजों और उनके परिजनों ने प्रशासन की इस पहल का स्वागत करते हुए अस्पताल की नियमित निगरानी की मांग की।