प्रधानमंत्री आवास योजना में घोटाला
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वायरल ऑडियो में चौंकाने वाला खुलासा
वायरल ऑडियो में आवास सहायक धर्मेंद्र कुमार यह कहते सुने जा रहे हैं कि उन्होंने 110 लोगों का नाम जोड़ा है। लेकिन अब तक सिर्फ 40 से 50 हजार रुपये ही मिले हैं। बातचीत में वह यह भी स्वीकार करते हैं कि इसी राशि से उन्होंने दो मोबाइल फोन खरीदे हैं और ऑफिस का खर्च निकाला है। अब वह बचे हुए पैसे की मांग कर रहे हैं। यह बातचीत सोशल मीडिया पर वायरल होते ही पूरे प्रखंड में चर्चा का विषय बन गई है।
पंचायत सरपंच ने की उच्चस्तरीय जांच की मांग
इस मामले को लेकर सिरौना पंचायत के सरपंच कुमार सौरभ ने बीडीओ, एसडीओ, डीडीसी और जिलाधिकारी को पत्र लिखकर पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा है कि यह मामला न केवल व्यक्तिगत रिश्वतखोरी का है, बल्कि संपूर्ण प्रखंड कार्यालय की कार्यशैली पर सवाल खड़ा करता है, क्योंकि इसमें ऑफिस तक रुपये पहुंचने की बात भी कही गई है।
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जांच टीम गठित करने की प्रक्रिया शुरू
इस पूरे मामले पर सिकरहना के एसडीएम साकेत कुमार ने अमर उजाला से बात कर कहा कि वायरल ऑडियो की जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच टीम का गठन किया जा रहा है, जो जल्द ही रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी। उन्होंने यह भी कहा कि भ्रष्टाचार में लिप्त किसी भी कर्मी को बख्शा नहीं जाएगा और सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।