फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bihar News: सीतामढ़ी में मेयर और उप मेयर के बीच जंग, बैठक के दौरान हुई तीखी बहस, जानें पूरा मामला

Thu, 30 Jan 2025 02:13 PM IST
अरविंद कुमार न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, सीतामढ़ी

सार

बैठक का आयोजन मेयर रौनक जहां परवेज की अध्यक्षता में नगर निगम के सभागार में किया गया। बैठक का मुख्य उद्देश्य नगर निगम क्षेत्र में विभिन्न विकासात्मक योजनाओं का कार्यान्वयन करना था।
विज्ञापन
बैठक के दौरान बहस - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सीतामढ़ी नगर निगम में मेयर और उप मेयर की लड़ाई थमने का नाम नहीं ले रही है। बात यहीं तक नहीं है, मेयर का विरोध डिप्टी मेयर के साथ-साथ अन्य कई पार्षद भी करते हैं। बता दें कि सामान्य बोर्ड की बैठक में मेयर और डिप्टी मेयर के बीच तीखी बहस हुई। इस बैठक का आयोजन मेयर रौनक जहां परवेज की अध्यक्षता में नगर निगम के सभागार में किया गया।

विज्ञापन


बैठक का मुख्य उद्देश्य नगर निगम क्षेत्र में विभिन्न विकासात्मक योजनाओं का कार्यान्वयन करना था, जिसमें स्ट्रीट लाइट, सफाई उपकरणों की खरीद, सीसीटीवी कैमरा स्थापित करना और अतिक्रमण के मुद्दे शामिल थे। इस दौरान मेयर और डिप्टी मेयर के बीच कई मुद्दों पर विवाद उत्पन्न हुआ, जबकि आधा दर्जन वार्ड पार्षदों ने भी सफाई से संबंधित मुद्दों पर जोरदार हंगामा किया। डिप्टी मेयर ने आरोप लगाया कि मेयर वार्ड पार्षदों के प्रश्नों का उचित उत्तर नहीं देते हैं और उन्हें नियमों के अनुसार खारिज कर देते हैं।

उनका यह भी कहना था कि नियम यह नहीं कहता कि मेयर कार्यालय के कर्मियों को अपने निवास पर बुलाकर फाइल पर हस्ताक्षर कराएं। डिप्टी मेयर ने मेयर पर सीधे आरोप लगाते हुए कहा कि बोर्ड की बैठक में जो निर्णय लिया जाता है, वह डिप्टी मेयर की अनुमति के बिना ही लिखा जाता है। इसके परिणाम स्वरूप पार्षदों को समान लाभ से वंचित किया जाता है। बैठक में अतिथि के रूप में उपस्थित जेडीयू एमएलसी रेखा कुमारी ने निगम की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए स्पष्ट रूप से कहा कि नगर निगम क्षेत्र में गंदगी का ढेर लगा हुआ है और कहीं भी उचित सफाई नहीं की जा रही है।
विज्ञापन


डिप्टी मेयर आशुतोष कुमार ने इस पर सहमति जताते हुए बुडको के कार्यों पर असंतोष व्यक्त किया। इस पर एमएलसी ने बुडको के अभियंता को फोन कर कड़ी फटकार लगाई। वार्ड पार्षद अंशुल प्रकाश ने यहां तक कहा कि केंद्र और राज्य सरकार की सबसे महत्वाकांक्षी योजना जलजीवन हरियाली है, जिसके लिए सूची देने के बावजूद कार्य नहीं किया जा रहा है और पूरी फाइल को रद्द कर दिया जाता है, जिस पर डिप्टी मेयर ने भी अपनी चिंता व्यक्त की।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें