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Bihar News: जन्म के बाद नवजात को सड़क पर फेंका, फिर पुलिस ने किया ऐसा काम... हर ओर होने लगी चर्चा

Wed, 29 Jan 2025 01:53 PM IST
हिमांशु प्रियदर्शी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुजफ्फरपुर

सार

Muzaffarpur News: सड़क पर पड़े लावारिस नवजात शिशु को दरियादिल पुलिसकर्मी ने उठाकर जैसे ही गले लगाया कि उसकी सांसें चल पड़ीं। इसके बाद पुलिसकर्मी ने फौरन मासूम को अस्पताल पहुंचाया। पढ़ें पूरी खबर...।
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निजी अस्पताल में इलाजरत नवजात शिशु - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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पुलिस की छवि आमतौर पर सख्त और कड़क मानी जाती है। लेकिन जब वही पुलिस मानवता और संवेदनशीलता की मिसाल पेश करे, तो समाज में एक नई रोशनी फैलती है। मुजफ्फरपुर से एक ऐसी ही घटना सामने आई है, जिसने पुलिस के मानवीय पहलू को उजागर किया है। एक नवजात शिशु को बीच सड़क पर फेंक दिया गया था। लेकिन गश्त पर निकले एक पुलिसकर्मी ने न सिर्फ उसे गले से लगाया, बल्कि तत्काल अस्पताल पहुंचाकर उसकी जान भी बचाई।

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गश्त के दौरान मासूम पर पड़ी नजर
जानकारी के मुताबिक, मुजफ्फरपुर शहर के ब्रह्मपुरा थाना क्षेत्र के इमली चट्टी रोड पर सोमवार देर रात पुलिस गश्त कर रही थी। इसी दौरान सड़क किनारे कुछ लोगों की हलचल देख गश्ती दल ने अपनी गाड़ी रोकी। जब पुलिसकर्मियों ने पास जाकर देखा, तो वहां एक नवजात शिशु लावारिस हालत में पड़ा था। यह दृश्य देखकर गश्त टीम में मौजूद जवान राम पुकार कुमार ने बिना देर किए मासूम को अपनी गोद में उठा लिया। जैसे ही उन्होंने नवजात को गले से लगाया, बच्चा हल्की-सी हरकत करने लगा।
 
अपनी गाड़ी से अस्पताल पहुंचाया
इंसानियत की मिसाल कायम करते हुए सिपाही राम पुकार कुमार ने बिना समय गंवाए बच्चे को अपनी गश्ती गाड़ी से ले जाकर शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। बच्चे का इलाज शहर के केजरीवाल अस्पताल में किया जा रहा है, जहां उसे NICU में रखा गया है। अस्पताल में मौजूद वरिष्ठ शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव कुमार ने बताया कि बच्चा अब पूरी तरह सुरक्षित और स्वस्थ है।
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पुलिसकर्मी ने जताई गोद लेने की इच्छा
बच्चे को बचाने वाले सिपाही राम पुकार कुमार की दरियादिली यहीं खत्म नहीं हुई। उन्होंने न सिर्फ नवजात के इलाज का खर्च उठाया, बल्कि अब वे उसे गोद लेने की भी इच्छा जता रहे हैं। राम पुकार कुमार ने कहा कि जब मैंने बच्चे को गले लगाया, तो उसने हल्की-सी सांस ली। वह पल मेरे लिए अनमोल था। अगर कानूनी प्रक्रिया पूरी होती है, तो मैं इस मासूम को गोद लेकर उसका पालन-पोषण करना चाहता हूं।
 
पुलिस के मानवीय चेहरे की हो रही सराहना
इस घटना के बाद पूरे शहर में पुलिस के इस संवेदनशील रवैये की सराहना हो रही है। आमतौर पर पुलिस की छवि सख्त और अनुशासनप्रिय मानी जाती है, लेकिन इस घटना ने दिखाया कि उनके अंदर भी एक संवेदनशील हृदय धड़कता है। डॉक्टर से लेकर आम नागरिक तक, सभी पुलिसकर्मी की इस पहल को सलाम कर रहे हैं।
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फिलहाल पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि आखिर किसने इस नवजात को सड़क पर फेंका था। वहीं, दूसरी ओर बच्चे की देखभाल में कोई कमी न हो, इसके लिए प्रशासन पूरी तत्परता से काम कर रहा है।

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