जीएनएम प्रशिक्षण संस्थान बेतिया
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बेतिया में छह नर्सिंग ट्यूटर की जगह सिर्फ दो नर्सिंग ट्यूटर ही जीएनएम प्रशिक्षण संस्थान में प्रशिक्षण दे रहे हैं, जिससे छात्राओं को पठन-पाठन में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में सिविल सर्जन डॉ. रमेश चंद्रा ने निदेशक प्रमुख (नर्सिंग) स्वास्थ्य सेवाएं बिहार पटना को पत्र भेजकर कॉलेज में नियमित प्राचार्य और ट्यूटर की पदस्थापना का अनुरोध किया है।
इससे पहले जीएनएम प्रशिक्षण संस्थान केवल तीन नर्सिंग ट्यूटर के सहारे संचालित हो रहा था। छात्राओं द्वारा लगाए गए आरोपों के बाद प्रभारी प्राचार्य मनीष कुमार जायसवाल को निलंबित कर दिया गया, जिससे विभाग की आंखे खुली हैं।
सिविल सर्जन डॉ. रमेश चंद्रा ने निदेशक प्रमुख नर्सिंग स्वास्थ्य सेवा बिहार (पटना) को भेजे पत्र में बताया कि जीएनएम प्रशिक्षण संस्थान बेतिया में कुल छह नर्सिंग ट्यूटर के पद स्वीकृत हैं, लेकिन वर्तमान में यहां केवल तीन नर्सिंग ट्यूटर पदस्थ हैं। इनमें से एक मनीष कुमार जायसवाल को 22 अगस्त को छात्राओं के आरोपों के बाद निलंबित कर दिया गया, जिसके बाद से संस्थान में केवल दो ट्यूटर ही कार्यरत हैं।
ऐसे में पत्र के जरिए सिविल सर्जन ने बेहतर पठन-पाठन के लिए महिला नर्सिंग ट्यूटर की पदस्थापना और एक नियमित प्राचार्य की नियुक्ति का अनुरोध किया है। नर्सिंग ट्यूटर और नियमित प्राचार्य की पदस्थापना की मांग को लेकर छात्राओं में खुशी का माहौल है। उनका कहना है कि अगर, नर्सिंग ट्यूटर और नियमित प्राचार्य की नियुक्ति होती है, तो पठन-पाठन में सुधार होगा।