बिहार इस वक्त दोतरफा समस्या से घिरा हुआ है, यहां कोरोना के बढ़ते संक्रमण के साथ ही तेज बारिश और आकाशीय बिजली का कहर भी जारी है। राज्य में कोरोना से जहां अब तक 600 से अधिक मौत हो गई है, वहीं बिजली गिरने से भी 300 से अधिक लोगों की जान गई है। इसके बावजूद यहां राहत के कोई आसार नजर नहीं आ रहे हैं क्योंकि मौसम विभाग ने यहां के लिए एक बार फिर से चेतावनी जारी की है।
मौसम विभाग ने 25 और 26 अगस्त को आंधी-तूफान के साथ राज्य के सभी 38 जिलों में बिजली गिरने की आशंका जताई है। हालांकि बिहार से ज्यादा खतरे की आशंका झारखंड के लिए जताई गई है। अगर मौसम विभाग की मानें तो आज और कल इन दोनों राज्यों में लोगों को अधिक सतर्क रहने की जरुरत है।
भारत मौसम विभाग (आईएमडी) मौसम में गड़बड़ी के लिए दो तरीकों का इस्तेमाल करता है, 'वॉच और अलर्ट'। दोनों तरीकों से खतरे की चेतावनी ही दी जाती है, लेकिन वॉच का मतलब आशंका से लगा सकते हैं। ऐसे में मौसम विभाग ने 25 और 26 अगस्त को राजधानी पटना समेत बिहार के सभी 38 जिलों के लिए ‘वॉच’ कैटेगिरी की आशंका जताई है। वहीं झारखंड के लिए दोनों ही दिन खतरा बताया गया है।
बिहार के मधुबनी, कटिहार और गया, झारखंड के धनबाद और उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में लगे लाइटनिंग डिटेक्शन सेंटर से मिले संकेतों के आधार पर आईएमडी ने यह आशंका जाहिर की है। बता दें कि 25 जून को विभाग की ऐसी ही आशंका के दौरान बिहार के 24 जिलों में करीब 100 लोगों की मौत हो गई थी।