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Go Back Stalin : यूट्यूबर की गिरफ्तारी के विरोध में हंगामे के डर से भूमिहार नेता नजरबंद, बैठक के बाद छोडा

Fri, 23 Jun 2023 09:22 PM IST
कुमार जितेंद्र ज्योति न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

Opposition Meeting : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के खिलाफ एकजुटता दिखाने पहुंचे तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन का बिहार में विरोध हो रहा है। आज हंगामे का डर था, इसलिए पुलिस ने आंदोलनकारी नेता को नजरबंद कर लिया है।
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आशुतोष कुमार। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार को उखाड़ फेंकने का सामूहिक एलान करने जुट रहे विपक्षी दलों के दो नेताओं के खिलाफ बिहार में माहौल है। महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के खिलाफ उत्तर भारतीयों के खिलाफ बोलने-लिखने को लेकर सिर्फ सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं, जबकि तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन के खिलाफ यूट्यूबर मनीष कश्यप को गिरफ्तार करने के गुस्से में बाकायदा मुहिम चल रही है। गुरुवार को सोशल मीडिया पर #gobackstalin को ट्रेंड कराया गया। इस बीच, पूरी मुहिम का नेतृत्व कर रहे भूमिहार समाज के नेता को नजरबंद कर दिया गया। उनके समर्थकों ने आशुतोष कुमार का पता लगाने की कोशिश की लेकिन पुलिस अधिकारी ने कुछ नहीं बताया। 

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मुझे भनक लग गई थी कि मेरी गिरफ्तारी होने वाली है
शुक्रवार विपक्षी दलों की बैठक के बाद आशुतोष कुमार को छोड़ दिया गया। इसके बाद वह फेसबुक पर लाइव आए। यहां उन्होंने आपबीती सुनाई। उन्होंने कहा कि प्रोटेस्ट की घोषणा करने के कारण बिहार सरकार द्वारा नजरबंद कर दिया गया। हमने अपने साथियों को पहले ही कह दिया था कि चाहे कुछ भी हमें उग्र नहीं होना है। आशुतोष कुमार ने कहा कि कल जैसे ही पंडित दीनदयाल उपाध्याय स्टेशन से ट्रेन खुली और आरा स्टेशन पहुंची। मुझे भनक लग गई थी कि मेरी गिरफ्तारी होने वाली है। आशंका थी कि पटना स्टेशन पर पुलिस गिरफ्तार कर ले। इसी बीच मैंने अपने संगठन के सहयोगी को दानापुर स्टेशन बुला लिया। ताकि मैं गिरफ्तारी से बच जाऊं और आज के प्रोटेस्ट में भाग ले सकूं। लेकिन, आरा स्टेशन पर ही सिविल ड्रेस में आए पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने मेरी आंख में पट्टी बांधकर गाड़ी में बैठा लिया। करीब ढ़ाई घंटे तक गाड़ी में घुमाते रहे। देर रात साढ़े 12 बजे ऐसे ही पुलिसकर्मी घुमाते रहे। इसके बाद मुझे खाना खिलाया गया। इसके बाद मैंने सो गया। आज यानी शुक्रवार दोपहर डेढ़ बजे मुझे जानकारी मिली कि मैं भोजपुर और रोहतास के बार्डर पर तरारी थाने में था। इसके बाद मुझे परिवारवालों से बात करवाया गया। शाम करीब साढ़े 4 बजे मुझे छोड़ा गया।  

प्रदर्शन का एलान करने के कारण ही आशुतोष पर पुलिस की नजर थी। - फोटो : अमर उजाला
रात 11 बजे सोशल मीडिया पर गिरफ्तारी की सूचना
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री स्टालिन गुरुवार रात इधर पटना पहुंचे और उधर कुछ ही घंटे के अंदर भोजपुर से राष्ट्रीय जन जन पार्टी के संस्थापक और भूमिहार जाति के नेता आशुतोष कुमार को गिरफ्तार किए जाने की खबर सोशल मीडिया पर आने लगी। 'अमर उजाला’ को मिली जानकारी के अनुसार, गिरफ्तारी नहीं की गई है बल्कि हिंसा फैलाए जाने की आशंका को आधार बनाकर बिहार पुलिस ने आशुतोष कुमार को कहीं नजरबंद कर रखा है। आशुतोष का मोबाइल भी बंद है और उनका सोशल मीडिया एकाउंट भी एडमिन के रूप में कोई दूसरा चला रहा है। शाम करीब छह बजे ही आशुतोष ने सोशल मीडिया के जरिए जानकारी दी थी कि गया, अरवल और पटना स्थित उनके आवास पर प्रशासन भेज कर विरोध प्रदर्शन नहीं करने का दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया था कि लोकतांत्रिक तरीके से विरोध का अधिकार क्यों छीना जा रहा है?
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एमके स्टालिन एयरपोर्ट से निकल लालू प्रसाद से मिलने पहुंचे। - फोटो : अमर उजाला
रात करीब 8 बजे स्टालिन पहुंचे, लालू से मिलने गए
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की जगह विपक्षी एकता की बैठक में स्टालिन को न्यौता देने के लिए उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ही तमिलनाडु गए थे। गुरुवार रात करीब आठ बजे जब वह पटना एयरपोर्ट पहुंचे, तो भी डिप्टी सीएम ही स्वागत करने पहुंचे। स्टालिन पटना एयरपोर्ट से सीधे राबड़ी आवास में पूर्व मुख्यमंत्री और पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव से मिलने गए। लालू से उनकी शिष्टाचार मुलाकात के दौरान मंत्री सुनील कुमार, मंत्री समीर कुमार महासेठ आदि भी मौजूद थे।
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