कांग्रेस नेता कन्हैया कुमार ने शनिवार को मधेपुरा जिले में पलायन रोको, नौकरी दो यात्रा की। यात्रा की शुरुआत शहर के गौशाला चौक से हुई। इसके बाद कन्हैया कुमार और उनके साथियों ने भूपेंद्र चौक, थाना चौक, सुभाष चौक, पूर्णिया गोला चौक, कर्पूरी चौक होते हुए वेद व्यास कॉलेज तक यात्रा की। इस दौरान कांग्रेस के स्थानीय नेता और कार्यकर्ताओं की भारी संख्या मौजूद रही। मधेपुरा सर्किट हाउस में आयोजित प्रेस वार्ता में कन्हैया कुमार ने कहा ह यात्रा बिहार के नौजवानों और छात्रों की आवाज है, जो राज्य में बदलाव और न्याय की मांग के साथ आगे बढ़ रहे हैं।
मधेपुरा में पदयात्रा करते कांग्रेस नेता कन्हैया कुमार एवं अन्य
शिक्षा व्यवस्था में सुधार की जरूरत
कन्हैया कुमार ने राज्य सरकार की रोजगार नीतियों पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि जब सरकार युवाओं को नौकरी नहीं दे पा रही, तो उसे नशे की ओर धकेला जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर नशाखोरी इसी तरह बढ़ती रही, तो राज्य में हिंसा और अपराध की घटनाएं और बढ़ सकती हैं। कन्हैया ने बिहार में शिक्षा व्यवस्था की हालत पर भी चिंता जताई। उन्होंने बताया कि 14 करोड़ की आबादी वाले राज्य में केवल 14 सरकारी बीएड कॉलेज हैं, जबकि निजी बीएड कॉलेजों में फीस इतनी ज्यादा है कि गरीब और वंचित वर्ग के छात्र उच्च शिक्षा प्राप्त करने से वंचित रह जाते हैं।