गयाजी जंक्शन पर आरपीएफ की कार्रवाई
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गयाजी जंक्शन पर रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने ऑपरेशन सतर्क के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति के बैग से 14.835 किलोग्राम चांदी के आभूषण और चांदी बरामद की है। बरामद चांदी की अनुमानित कीमत 36 लाख 34 हजार 575 रुपये बताई गई है। चांदी के परिवहन और कब्जे से संबंधित वैध दस्तावेज मौके पर प्रस्तुत नहीं किए जाने के बाद आरपीएफ ने चांदी जब्त कर संबंधित व्यक्ति को डिटेन कर लिया। मामले की सूचना आयकर विभाग, पटना को दी गई है, जहां से आगे की कार्रवाई की जा रही है।
स्टेशन पर निगरानी के दौरान पकड़ में आया व्यक्ति
आरपीएफ की ओर से मिली जानकारी के अनुसार 13 अक्टूबर 2026 को गया पोस्ट के प्रभारी निरीक्षक बनारसी यादव के निर्देशन में रेलवे स्टेशन परिसर में आपराधिक गतिविधियों की निगरानी की जा रही थी। इस दौरान आरपीएफ के अधिकारी और जवान अन्य संबंधित टीमों के साथ प्लेटफॉर्म पर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रख रहे थे। इसी क्रम में गया जंक्शन के दिल्ली छोर स्थित एफओबी के पास एक व्यक्ति पीठ पर भारी बैग लेकर प्लेटफॉर्म संख्या 6 और 7 की ओर जाता दिखाई दिया। उसकी गतिविधियां संदिग्ध लगने पर टीम ने उसे रोककर पूछताछ की।
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बैग की जांच में मिली भारी मात्रा में चांदी
पूछताछ के दौरान व्यक्ति ने अपना नाम जमशेद अली मलिक (36 वर्ष) बताया। वह पश्चिम बंगाल के पश्चिम मेदिनीपुर जिले के दासपुर थाना क्षेत्र के उदयचक गांव का निवासी है। बैग में रखे सामान के बारे में पूछने पर उसने उसमें चांदी के आभूषण और चांदी होने की जानकारी दी। इसके बाद जांच में बैग से कुल 14.835 किलोग्राम चांदी के आभूषण और चांदी बरामद हुई। आरपीएफ के अनुसार, संबंधित व्यक्ति मौके पर चांदी अपने कब्जे में रखने और उसका परिवहन करने से जुड़े वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका।
36.34 लाख रुपये आंकी गई कीमत
दस्तावेज उपलब्ध नहीं होने के कारण प्रथम दृष्टया मामले में अघोषित आभूषण और संभावित कर चोरी की आशंका को देखते हुए मौके पर आवश्यक कार्रवाई की गई। टीम ने बरामद चांदी को जब्त कर व्यक्ति को डिटेन कर लिया। आरपीएफ ने मामले की सूचना आयकर विभाग, पटना को दी। विभाग की ओर से मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है। फिलहाल बरामद चांदी के स्रोत, उसके परिवहन के उद्देश्य और संबंधित दस्तावेजों को लेकर जांच की जा रही है। हालांकि, कर चोरी की आशंका सामने आने के बावजूद इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।