गया में बदलो बिहार समागम कार्यक्रम
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बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की प्रगति यात्रा आतंक और अहंकार की यात्रा है। 20 साल से सत्ता में काबिज नीतीश सरकार अब जनता के मुद्दों से पूरी तरह कट चुके हैं। यह बातें गुरुवार को गया शहर के धर्मसभा भवन में सीपीआईएम के 'बदलो बिहार समागम' कार्यक्रम के दौरान पत्रकारों से बातचीत करते हुए पार्टी के महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने कही।
उन्होंने कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की प्रगति यात्रा नहीं आतंक यात्रा और अहंकार यात्रा है। दीपंकर भट्टाचार्य ने कहा कि करीब 20 वर्षों से बिहार की सत्ता पर काबिज नीतीश कुमार अब आम जनता के मुद्दों से पूरी तरह कट चुके हैं। प्रदेश में हर वर्ग के लोग अत्याचार से त्रस्त है। उन्होंने बीपीएससी अभ्यर्थियों पर हुए लाठीचार्ज और माले नेताओं की गिरफ्तारी को सरकार की तानाशाही का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार अपने चरम पर है। जनता को राहत देने वाले कोई भी कदम नहीं उठाया जा रहा।
नौ मार्च को होंगी आंदोलनकारी ताकतें एकजुट
वहीं, दीपांकर भट्टाचार्य ने घोषणा किया कि नौ मार्च को पटना के गांधी मैदान में ‘बदलो बिहार समागम’ का आयोजन किया जा रहा है। उक्त कार्यक्रम में आंदोलनकारी ताकतें एकजुट होकर सरकार और सिस्टम के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद करेंगे।
दिल्ली में भाजपा विरोधी ताकतों को करेंगे मदद
वहीं, दिल्ली चुनाव के सवाल पर उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी दो सीटों पर प्रत्याशी उतार रही है। बाकी सीटों पर भाजपा विरोधी पार्टियों का समर्थन करेंगे। महागठबंधन के सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि दिल्ली चुनाव को देखते हुए कोई औपचारिक गठबंधन नहीं हुआ था। हालांकि, भाजपा के खिलाफ महागठबंधन अब भी कायम है। उन्होंने कहा कि बदलो बिहार समागम का लक्ष्य सरकार बदलना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी लड़ाई दोनों के खिलाफ है। बिहार को भ्रष्टाचार, तानाशाही और प्रशासनिक आतंक से मुक्त करना ही इस आंदोलन का मुख्य उद्देश्य है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में माले कार्यकर्ता, समर्थक और पदाधिकारी मौजूद रहे।