बता दें, आरसीपी सिंह और सीएम नीतीश कुमार के बीच लंबे समय से अनबन चल रही है। माना जा रहा है कि केंद्र में मंत्री रहते भाजपा से कथित नजदीकी के चलते उन्हें पार्टी लगातार किनारे कर रही है।
बिहार में सत्तारूढ़ जदयू ने अपनी ही पार्टी के नेता व पूर्व सांसद आरसीपी सिंह को नोटिस जारी किया है। इसमें उनसे संपत्तियों के विवरण में विसंगतियों पर जवाब मांगा गया है।
प्रथम दृष्ट्या भ्रष्टाचार का मामला : कुशवाहा
पूर्व केंद्रीय मंत्री आरसीपी सिंह को नोटिस के बारे में पूछने पर उपेंद्र सिंह कुशवाहा ने कहा, 'यह बात सबके सामने है। पार्टी को उनके बारे में कुछ जानकारी मिली है। प्रथम दृष्टया यह भ्रष्टाचार का मामला लगता है। पार्टी अब आरसीपी सिंह का पक्ष जानना चाहती है। आगे की कार्रवाई आवश्यकतानुसार की जाएगी। हम उनके जवाब का इंतजार कर रहे हैं।
निष्कासित होंगे आरसीपी सिंह?
यह पूछने पर क्या संपत्ति मामले को लेकर आरसीपी सिंह को जदयू से निष्कासित किया जाएगा? इस पर कुशवाहा ने कहा कि क्या ऐसा लगता है कि वह अपनी गतिविधियों के चलते अभी भी पार्टी में हैं? उन्होंने खुद वह रास्ता चुन लिया है, जिसमें उन्होंने मान लिया है कि वह अब पार्टी में नहीं हैं।