Bihar Vidhan Sabha Chunav 2025: बिहार में आगामी 6 और 11 नवंबर को विधानसभा चुनाव के लिए मतदान होना है। प्रदेश के चुनावी माहौल का जायजा लेने और राजनीतिक दलों के नेताओं से उनके वोट मांगने के मुद्दों पर चर्चा करने के लिए अमर उजाला का चुनावी रथ 'सत्ता का संग्राम' आज सोमवार को मधुबनी पहुंचेगा। यहां जनता के मुद्दे जानने के बाद नेताओं के जवाब को तोला जाएगा।
आज 27 अक्तूबर 2025 दिन सोमवार की सुबह आठ बजे ‘चाय पर चर्चा’ आपके शहर मधुबनी में होगी। अमर उजाला पर कार्यक्रम लाइव टेलीकास्ट होंगे। उसके बाद दोपहर 12 बजे युवाओं से चर्चा की जाएगी। फिर शाम 4 बजे से कार्यक्रम में सभी पार्टी के नेता/प्रत्याशियों, उनके प्रतिनिधि/समर्थकों और आम लोगों से सवाल-जवाब किए जाएंगे। ऐसे में आइये जानते हैं मधुबनी का चुनावी इतिहास।
2020 के चुनावी नतीजे
| क्रमांक | विधानसभा सीट | विजेता उम्मीदवार | पार्टी | पराजित उम्मीदवार | पार्टी |
|---|---|---|---|---|---|
| 1 | मधुबनी | समीर कुमार महासेठ | राजद | सुमन कुमार महासेठ | वीआईपी |
| 2 | हरलाखी | सुधांशु शेखर | जेडीयू | रामनरेश पांडे | सीपीआई |
| 3 | बेनीपट्टी | विनोद नारायण झा | भाजपा | भावना झा | कांग्रेस |
| 4 | झंझारपुर | नीतीश मिश्रा | भाजपा | रामनारायण यादव | सीपीआई |
| 5 | राजनगर | रामप्रीत पासवान | भाजपा | रामावतार पासवान | राजद |
| 6 | फूलपरास | शीला कुमारी | जेडीयू | कृपानाथ पाठक | कांग्रेस |
| 7 | खजौली | अरुण शंकर प्रसाद | भाजपा | सिताराम यादव | राजद |
| 8 | बाबूबरही | मीना कुमारी | जेडीयू | उमाकांत यादव | राजद |
| 9 | लौकहा | भारत भूषण मंडल | राजद | लक्ष्मेश्वर राय | जेडीयू |
| 10 | बिस्फी | हरीभूषण ठाकुर बचौल | भाजपा | फैयाज अहमद | राजद |
क्या हैं मुद्दे?
मधेपुर प्रखंड के कई हिस्सों में साल में लगभग छह महीने बाढ़ और छह महीने सुखाड़ की स्थिति बनी रहती है। इन क्षेत्रों में मुख्य परिवहन का साधन केवल नाव है। यहां तक कि सामाजिक आयोजनों, जैसे शादी में, दुल्हन और दूल्हा भी नाव से ही जाते हैं। फुलपरास विधानसभा क्षेत्र के मधेपुर प्रखंड की कोसी दियारा की सात पंचायतें द्वालख, बसीपट्टी, गढ़गांव, डारह, भरगामा, गढ़गांव और बकुआ चार महीने बारिश के दौरान अन्य क्षेत्रों से कट जाती हैं। विशेषकर बकुआ और गढ़गांव में चार-पहिया वाहन भी प्रवेश नहीं कर पाते। शिक्षा के क्षेत्र में भी स्थिति गंभीर है। फुलपरास विधानसभा क्षेत्र में आज तक कोई डिग्री कॉलेज नहीं है, जिससे छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए दूरस्थ क्षेत्रों का रुख करना पड़ता है।
स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता भी असंतोषजनक है। फुलपरास अनुमंडलीय अस्पताल, पीएचसी फुलपरास, घोघरडीहा और मधेपुर पीएचसी में चिकित्सक और जांच सुविधाओं की गंभीर कमी है, जिसके कारण स्थानीय लोग इलाज के लिए बाहरी शहरों में जाने को मजबूर हैं। आधारभूत संरचना की दृष्टि से फुलपरास और घोघरडीहा में लंबे समय से बस स्टैंड की मांग की जा रही है, लेकिन इसका निर्माण अभी तक नहीं हुआ है। घोघरडीहा–घोगेपुर रेल लाइन प्रस्तावित है, लेकिन यह भी अधूरी स्थिति में है।कृषि और प्राकृतिक आपदाओं के मामले में, कोसी नदी के लगातार बाढ़ आने से खेतों में लगी फसलें बर्बाद हो जाती हैं, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। वर्षभर बाढ़ और सुखाड़ की स्थिति कृषि और जीवनयापन दोनों को प्रभावित करती है।
कितने मतदाता?| विधानसभा का नाम | पुरुष मतदाता | महिला मतदाता |
|---|---|---|
| झंझारपुर | 1,73,348 | 1,59,369 |
| हरलाखी | 1,57,877 | 1,42,687 |
| बेनीपट्टी | 1,62,282 | 1,46,992 |
| खजौली | 1,66,839 | 1,51,548 |
| बाबूबरही | 1,72,189 | 1,55,793 |
| बिस्फी | 1,77,950 | 1,65,120 |
| मधुबनी | 1,89,051 | 1,72,228 |
| राजनगर (SC) | 1,80,380 | 1,64,538 |
| फुलपरास | 1,78,089 | 1,63,240 |
| लौकहा | 1,85,612 | 1,71,715 |