आईपीएस डॉ. कमल किशोर सिंह
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Bihar : शनिवार सुबह में भी पुलिस मुख्यालय में पदस्थापित आईपीएस अधिकारी भी संशय में रहे कि डॉ. सिंह ने इस्तीफा दिया है या नहीं। 'अमर उजाला’ से शनिवार दोपहर बातचीत में उन्होंने कहा कि मैं छुट्टी पर था, मैंने नई जगह ड्यूटी ज्वाइन कर ली है।
5 जून को इस्तीफा देने की हो रही थी बात
भारतीय पुलिस सेवा (IPS) अधिकारी डॉ. कमल किशोर सिंह ने अपने नए पद पर योगदान दे दिया है। इसी महीने की 5 तारीख को 1996 बैच के आईपीएस अधिकारी डॉ. सिंह को स्टेट क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो व पुलिस आधुनिकीकरण के अपर पुलिस महानिदेशक के पद से ट्रांसफर कर दिया गया था। यह बात सामने आई थी कि उन्होंने नागरिक सुरक्षा, बिहार के अपर पुलिस महानिदेशक-सह-आयुक्त के रूप में दी गई नई जिम्मेदारी से एतराज जताते हुए इस्तीफा दे दिया है। यह खबर न केवल चली, बल्कि बुरी तरह वायरल हुई। हालत यह रही कि शनिवार सुबह में भी पुलिस मुख्यालय में पदस्थापित आईपीएस अधिकारी भी संशय में रहे कि डॉ. सिंह ने इस्तीफा दिया है या नहीं। 'अमर उजाला’ से शनिवार दोपहर बातचीत में उन्होंने कहा कि मैं छुट्टी पर था, मैंने नई जगह ड्यूटी ज्वाइन कर ली है।
आग कहीं बुझी, मगर धुआं अबतक था
बिहार पुलिस के बड़े-बड़े आईपीएस अधिकारी शनिवार को भी इस उधेड़बुन में थे कि एडीजी डॉ. कमल किशोर सिंह ने क्या सचमुच मानसिक प्रताड़ना के कारण इस्तीफा दे दिया है। 'अमर उजाला’ रिपोर्टर ने गुरुवार-शुक्रवार को कई अफसरों से इसपर बात की, लेकिन पुष्टि नहीं हुई। इस दौरान डॉ. सिंह से संपर्क नहीं हुआ। 5 जून को जारी ट्रांसफर आदेश में एक 2009 बैच के आईपीएस अधिकारी विनोद कुमार का भी नाम था। पुलिस मुख्यालय में पदस्थापना की प्रतीक्षा खत्म करते हुए उन्हें बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस (केंद्रीय मंडल) का डीआईजी बनाया गया था। विनोद कुमार सीनियर आईपीएस अधिकारी विकास वैभव के साथ पुलिस मुख्यालय में पदस्थापना की प्रतीक्षा में भेजे गए थे। आईजी विकास वैभव और डीआईजी विनोद कुमार ने डीजी शोभा अहोटकर पर प्रताड़ना का आरोप लगाया था। IG विकास वैभव को पोस्टिंग की प्रतीक्षा में हैं। इस बीच जब डॉ. कमल किशोर सिंह के नए पद पर ट्रांसफर के तत्काल बाद ज्वाइन नहीं करने की सूचना आई और पुलिस मुख्यालय से ही खबर निकली कि उन्होंने प्रताड़ना से तंग आकर इस्तीफा दे दिया है तो पुलिसिया व्यवस्था के साथ सरकार पर भी सवाल उठने लगा। शनिवार को भी पुलिस मुख्यालय के अधिकारी इसपर संशय में ही मिले।
खुद बोले- नहीं, मुझे कोई इश्यू नहीं है
आईपीएस डॉ. कमल किशोर सिंह ने शनिवार दोपहर 'अमर उजाला’ से बातचीत में कहा कि उन्हें सरकार या सिस्टम से कोई इश्यू नहीं है। उन्होंने बताया- "मैं छुट्टी पर गया था और ट्रांसफर के बाद मिली नई पोस्टिंग पर योगदान भी दे दिया है। प्रताड़ना जैसी कोई बात नहीं है और मैंने इस्तीफा भी नहीं दिया है। मैं तो छुट्टी पर गया हुआ था, पता नहीं कैसे हर जगह यह बात चल रही है!"