फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bihar : उपेंद्र की बैठक में 'कुशवाहा' जुटे, JDU लेगा एक्शन तो वापस मुख्य धारा में आएगी RLSP

Sun, 19 Feb 2023 02:56 PM IST
कुमार जितेंद्र ज्योति न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

Upendra Kushwaha News : उपेंद्र कुशवाहा JDU के संसदीय बोर्ड के अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा रविवार-सोमवार को अपनी बीमार पार्टी के इलाज का रास्ता ढूंढ़ने के लिए बैठक कर रहे हैं। बैठक में कुशवाहा समाज की भारी भागीदारी दिख रही है। सोमवार शाम तक कुशवाहा की बैठक में शामिल नेता एक राय बना लेंगे कि अगर जदयू एक्शन लेता है तो क्या करेंगे।
विज्ञापन
उपेंद्र कुशवाहा की बैठक में हाजिरी पर अब जदयू की नजर। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

जनता दल यूनाईटेड (JDU) के संसदीय बोर्ड के अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा की बैठक के शुरुआती ढाई घंटे में ही एक तस्वीर साफ हो रही है कि पार्टी के 'लव-कुश' समीकरण में कहीं न कहीं 'कुशवाहा' धरे को ऐसा लग रहा है कि सबकुछ सही नहीं चल रहा है। यही कारण है कि प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा के कई प्रदेश उपाध्यक्ष नाफरमानी करते हुए उपेंद्र कुशवाहा की बैठक में शामिल हो गए। इस बैठक के पोस्टर में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का नेतृत्व दिख रहा है, लेकिन यह भी मान लिया गया है कि अगर जदयू में सुधार की जरूरत पर विचार के लिए हो रही इस बैठक में पहुंचे पदाधिकारियों पर पार्टी की ओर से कार्रवाई होती है तो राष्ट्रीय लोक समता पार्टी (RLSP) वापस मुख्य धारा में आ जाएगी। रालोसपा कागजों पर अभी भी एक्टिव है और चुनाव आयोग से मिला चिह्न सीलिंग फैन भी इसी के नाम पर आवंटित है। मतलब, इधर एक्शन और उधर ऐलान में कहीं कोई पेच नहीं है।

विज्ञापन


हाजिरी देख कार्रवाई हुई तो हिस्सा ले जाएंगे कुशवाहा
कुशवाहा जिस हिस्सेदारी की बात कर रहे थे, वह उन्होंने शक्ति परीक्षण के रूप में यहां दिखा भी दिया। रविवार को बैठक शुरू होने के पहले JDU के MLC रामेश्वर महतो पहुंच ही चुके थे। कुशवाहा जदयू को जिस तरह बीमार बता रहे थे, उसके इलाज के इच्छुक लोगों में जदयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता माधव आनंद, प्रदेश उपाध्यक्षों में डॉ. रणविजय सिंह (पूर्व विधायक), सुभाष सिंह कुशवाहा, अशोक कुमार मेहता, जितेंद्र नाथ, रेखा गुप्ता के साथ प्रदेश महासचिव हिमांशु पटेल, पप्पू वर्मा, किसान प्रकोष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष राजेश कुशवाहा जैसों ने भी अपना नाम शामिल कर दिया। महात्मा फुले को लेकर चल रहे कुशवाहा के संगठन से ज्यादातर पदाधिकारी बैठक में हैं। इसके अलावा नालंदा, वैशाली, अरवल, औरंगाबाद जैसे इलाकों से भारी संख्या में जदयू में विभिन्न स्तर पर सक्रिय पदाधिकारी इस बैठक में दिखे। माना जा सकता है कि अगर इस हाजिरी को देखकर अगर जदयू इनमें से कुछ पर भी कार्रवाई करता है तो कुशवाहा इसी आधार पर हिस्सेदारी लेकर निकल जाएंगे।

विज्ञापन

कुशवाहा ने जिस कक्ष में बैठक रखी, वह शुरू होने के पहले ही भर गया। - फोटो : अमर उजाला
पार्टी की मीटिंग बुलाने का अधिकार केवल अध्यक्ष को
रविवार दोपहर साढ़े 12 बजे से सिन्हा लाइब्रेरी में उपेंद्र कुशवाहा एक तरह से JDU के बागी नेताओं की ही मीटिंग कर रहे हैं, क्योंकि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष की ओर से ऐसी किसी मीटिंग की जानकारी तक से इनकार किया जा रहा है। उपेंद्र कुशवाहा इसे बीमार जदयू के इलाज का रास्ता ढूंढ़ने के लिए बता रहे हैं, जबकि राजनीतिक राजनीतिक पंडितों की मानें तो इस बैठक के जरिए उपेंद्र कुशवाहा शक्ति का प्रदर्शन कर रहे हैं। दो दिवसीय इस बैठक के पहले से उपेंद्र कुशवाहा लगातार पार्टी के मुखिया नीतीश कुमार पर हमलावर रह चुके हैं। कुछ दिन पहले ही उन्होंने नीतीश कुमार पर JDU को गलत तरीके से चलाने का आरोप लगाया था। इतना ही नहीं, कुशवाहा ने यहां तक कह दिया था कि नीतीश कुमार JDU खत्म करने की नीति अपना रहे हैं। JDU इस बैठक को पार्टी की बैठक नहीं मान रही है। मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार पहले ही साफ कर चुके हैं कि पार्टी की मीटिंग बुलाने का अधिकार केवल अध्यक्ष को है। संसदीय बोर्ड का गठन हुआ नहीं है। यदि को कोई प्राइवेट मीटिंग बुलाता है तो इससे पार्टी को कोई लेना देना नहीं।

नीतीश कुमार को बिहार की राजनीति से भगाने की साजिश हो रही
JDU के प्रदेश उपाध्यक्ष जितेंद्र नाथ ने आरोप लगाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री अपने स्वविवेक से पार्टी नहीं चला रहे हैं। जितेंद्र नाथ ने रालोसपा के विलय के दौरान कई जदयू के नेताओं का जदयू में आने का विरोध कर रहे थे। नीतीश कुमार आज बेबस हैं। जदयू का कॉकस नीतीश कुमार को घेरे हुए है। उपेन्द्र कुशवाहा को बिहार की राजनीति से भगाने की साजिश हो रही है। उन्होंने दावा किया कि कुशवाहा किसी भी हालत में जदयू से अलग नहीं होंगे। पार्टी के अंदर रह कर जदयू को सुधारेंगे।

54 लोगों ने अपनी बात रखी
प्रदेश उपाध्यक्ष जितेंद्र नाथ ने कहा कि शनिवार को जदयू के समर्पित साथियों की बैठक बुलाई गई थी। यह बैठक जदयू की ताकत को बढ़ाने के लिए हुई थी। इसमें उन्हें बुलाया गया था जो जदयू में असहज हैं। इस बैठक में प्रदेश अध्यक्ष शामिल नहीं हुए। इसमें जदयू के 4 प्रदेश उपाध्यक्ष और एमएलसी रामेश्वर महतो मौजूद रहे। बैठक में कुल 54 लोगों ने अपनी बात रखी। एमएलसी रामेश्वर महतो भी बैठक में शामिल हुए। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें