नटवरलाल के 3 करोड़ 77 लाख रुपयों के साथ पुलिस
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कटिहार में पुलिस ने एक ऐसे नटवरलाल को गिरफ्तार किया हैं जो किसानों के खून पसीने से उपजे फसल मक्केका के कमाई पर हकमारी करने में जुटा था। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी के पास से जब नगदी की बरामदगी की तो यह पूर्णिया के चर्चित तनिष्क ज्वेलरी लूटकांड मामले से भी बड़ा मामला निकला। नगद बरामद की गयी रकम 3 करोड़ 77 लाख रुपये हैं, जबकि 31 लाख रुपये से अधिक की रकम बैंक खातों में फ्रिज की गयी हैं। फिलहाल , पुलिस ने पूरे मामले की तफ्तीश शुरू कर दी हैं।
किसानों से ऐसे करता था ठगी
इस संबंध में कटिहार एसपी जितेन्द्र कुमार ने बताया कि टेबुल पर बंडलों में बंधे नोट आरोपी के पास से बरामद हुए हैं। उन्होंने कहा कि यह रकम कोई लूट की वारदात से बरामद रकम नहीं हैं बल्कि किसानों के खून पसीने के मेहनत से उपजे फसल के गबन की राशि हैं। उन्होंने बताया कि आरोपी गौतम कुमार चौधरी किसानों के मक्के को खरीदने के नाम पर फसल को हरियाणा में औने-पौने कीमतों में सफ्लाई कर देता था और फिर बेचे गए फसल से आए रकम को किसानों को ना चुका कर अपने पास रख लेता था। एसपी जितेन्द्र कुमार ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी के ठगी की यह पहली करतूत नहीं हैं, बल्कि इससे पहले भी कटिहार के अलावे अररिया और दूसरों जगहों पर यह गबन को अंजाम दे चुका था।
क्रय केन्द्र की स्थापना होना जरुरी
कटिहार सहित सीमांचल के अन्य जिले को मक्का का हब माना जाता हैं लेकिन किसानों द्वारा खेतों में उपजाए फसल को सरकारी तौर पर ख़रीदगी करने के अब तक कोई मुकम्मल व्यवस्था नहीं होने से इलाके के किसान बिचौलियों के हाथों अपनी फसल को बेचने को विवश रहते हैं। ऐसे में उम्मीद की जानी चाहिये कि सरकार किसानों के फसलों को बिचौलियों के हाथों बिकने से रोकने के लिये क्रय केन्द्र की स्थापना करें ताकि ऐसी ठगी की वारदात दोबारा ना होने पाए।