माता-पिता के द्वारा डांट-फटकार करने पर एक लड़की गुस्से में घर से भाग गई। फिर उसे एहसास हुआ कि उसने घर से भाग कर गलती की है। गलती महसूस होने पर उसने ब्लेड से अपने हाथ की नस को काटकर चुपचाप प्लेटफॉर्म पर बैठ गई। कई लोग उस रास्ते से गुजरे लेकिन किसी ने लड़की की मदद नहीं की। तभी वहां से कुछ किन्नर गुजरी, जिनकी नजर पड़ते ही उन लोगों ने लड़की को आननफानन में आरा सदर अस्पताल में भर्ती करवाया। फिलहाल उस लड़की का इलाज आरा सदर अस्पताल में चल रहां है। लड़की अरवल की रहने वाली बताई जा रही है।
ब्लेड से काट लिया हाथ का नस
घटना के संबंध में किन्नरों ने बताया कि यह लड़की अरवल जिले की रहने वाली है, जो घर में किसी बात पर अपने परिजनों की डांट फटकार सुनने के बाद लड़की आरा भाग आई। लेकिन वापस घर लौटने के डर से और माता पिता की इज्जत खराब ना हो इसके लिए उसने खुद को मौत के हवाले करने की ठान ली। ऐसा सोचकर उसने प्लेटफॉर्म नंबर चार पर बैठकर ब्लेड से अपनी हाथ की नस को काट लिया और चुपचाप प्लेटफॉर्म पर बैठ गई। कई लोग उस रास्ते से गुजरे लेकिन किसी ने उस लड़की की मदद नहीं की। तभी कुछ किन्नर वहां से गुजर रही थी, जिनकी नजर वहां प्लेटफॉर्म पर बहते खून को देखकर वे सब वहीँ रुक गये और आननफानन में उन लोगों ने उस लड़की को आरा सदर अस्पताल में भर्ती कराया।
प्लेटफॉर्म पर से अस्पताल ले गई किन्नर
घटना के संबंध में उस लड़की ने बताया कि वो इंटर पास कर चुकी है। शुक्रवार को घर पर डांट सुनने के बाद गुस्से में घर से भाग गई थी और माता पिता की इज्जत खराब ना हो इसलिए ब्लेड से उसने खुद का ही हाथ काट लिया। वहीं किन्नर मनीषा ने बताया कि वो लोग किसी कार्यक्रम को लेकर आरा स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर चार से जा रही थी। तभी देखा की पूरा खून जमीन पर गिरा हुआ है। जिसके बाद मुझे देखा नहीं गया और इलाज कराने के लिए आरा सदर अस्पताल ले आई। फ़िलहाल लड़की का इलाज आरा के सदर अस्पताल में चल रहा है।