Bihar : बिहार पुलिस की लापरवाही और कार्यशैली अक्सर चर्चाओं का विषय रहा है। ऐसे में बिहार पुलिस की एक और लापरवाही सामने आई है। मेडिकल जांच के लिए सदर अस्पताल गया अपराधी ई-रिक्शा पर से फरार हो गया।
मेडिकल जांच के लिए ई-रिक्शा से सदर अस्पताल लाते समय एक आरोपित अपने हाथ से हथकड़ी निकाल फरार हो गया और पुलिस हाथ मलती रह गई। यह घटना शनिवार को घटित हुई। दरअसल कासिम बाजार थाना क्षेत्र के संदलपुर फाड़ी के पास के रहने वाले सौरभ कुमार के खिलाफ जेएम प्रथम श्रेणी के न्यायालय से गैर जमानती वारंट जारी किया गया था। इस पर शुक्रवार की रात पुलिस ने आराेपित को उसके घर से गिरफ्तार किया।
शनिवार को न्यायालय में हाजिर कराने से पहले आरोपित को एक बुजुर्ग होमगार्ड जवान के साथ मेडिकल जांच के लिए सदर अस्पताल भेज दिया गया। उक्त होमगार्ड को मुंशी ने ई-रिक्शा से जाने के लिए 100 रुपये किराया दिया। होमगार्ड जवान सदानंद सिंह आराेपित को हथकड़ी लगा ई-रिक्शा पर बिठा मेडिकल जांच के लिए सदर अस्पताल के लिए निकला। अस्पताल गेट के समीप ब्रेकर पर ई-रिक्शा पहुंचा तो सिपाही रिक्शा से उतर कर रुपया खुदरा कराने दवा दुकान पर चला गया। वृद्ध सिपाही के हटते ही अकेला का फायदा उठाते हुए आरोपित सौरभ ने हाथ से हथकड़ी निकाल कूद कर भागने लगा। होमगार्ड जवान हल्ला करते हुए आराेपित के पीछे दौड़ा, लेकिन तब तक आरोपित लालदरवाजा की ओर फरार हो गया।
इस संबंध में मुंगेर एसपी ने कहा कि पुलिस अभिरक्षा से आरोपित का फरार होना लापरवाही और कर्तव्यहीनता का परिचायक है। मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। फरार आरोपित के खिलाफ केस दर्ज करने और शीघ्र गिरफ्तार करने का निर्देश दिया गया है। अब पुलिस आरोपी सौरभ की गिरफ्तारी के लिए सघन छापेमारी कर रही है।