पुलिस लाइन में जुटे पुलिस अधिकारी और पुलिसकर्मी।
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बरबीघा थाना परिसर में ही रह रहे थे
बालमुकुंद राय मिशन थाना में थानाध्यक्ष के रूप में पदस्थापित थे। सेवा निवृत होने से पहले अपने जिला या अपने जिला के आसपास ट्रांसफर किये गये दरोगा की सूची में उनका भी नाम था। गुरूवार को पूरे बिहार में वैसे 644 दरोगा का ट्रांसफर किया गया जो रिटायर होने के करीब पहुंचने वाले थे। उस सूची में बालमुकुन्द राय का भी नाम था। उनका ट्रांसफर जयरामपुर थाना में तबादला किया गया था। फिलहाल वह मिशन थाना में पदस्थापित थे। विभाग का कहना है कि फिलहाल वह बरबीघा थाना परिसर में ही रह रहे थे।
हत्या की वजह फिलहाल स्पष्ट नहीं
प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि बालमुकुंद राय का चेहरा और उनके हाथ का नाखून सफेद से बदलकर नीला हो गया था। घटना की जानकारी होते ही उन्हें पुलिस कर्मियों के सहयोग से रेफरल अस्पताल बरबीघा ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। कुछ लोगों का कहना है कि उनकी मौत हार्ट अटैक से हुयी है, जबकि कुछ का कहना है कि यह मौत सर्प दंश या किसी जहरीले जीव के काटने से हुई हैं।शव का पोस्टमॉर्टम कराया गया है। रिपोर्ट आने के बाद मौत का कारण स्पष्ट हो पायेगा।