बिहार विधानसभा चुनाव 2020 की रणभेरी बज चुकी है। पहले चरण का मतदान 28 अक्तूबर को होना है और 10 नवंबर को नतीजा भी आ जाएगा। दिलचस्प है कि इस बार राज्य में मुख्यमंत्री के चेहरे की भरमार है। ताज भले ही एक सिर पर सजे, लेकिन छह मुख्यमंत्री के चेहरे इसकी उम्मीद लगाए बैठे हैं। एनडीए गठबंधन तो नीतीश कुमार के नेतृत्व में दो तिहाई बहुमत की सरकार बनाने का दावा कर रहा है। दूसरा दावा चिराग पासवान का है। चिराग कहते हैं कि 10 नवंबर के बाद भाजपा-लोजपा की राज्य में सरकार बनेगी। हालांकि भाजपा ने मुख्यमंत्री पद का कोई चेहरा नहीं पेश किया है।
नीतीश कुमार के बाद तेजस्वी दूसरा और चिराग तीसरा चेहरा
तेजस्वी यादव महागठबंधन के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार हैं। तेजस्वी यादव को कांग्रेस, वामदलों और जरूरत पड़ने पर बड़े भाई चिराग पासवान के सहयोग से सरकार बना लेने की उम्मीद है। लोजपा ने अपने नेता चिराग पासवान को मुख्यमंत्री पद का चेहरा घोषित कर रखा है और पार्टी 143 सीटों पर चुनाव लड़ रही है। नीतीश कुमार और तेजस्वी यादव में से किसी एक के मुख्यमंत्री बनने का मजबूत आधार भी है। इनके अलावा भी मुख्यमंत्री पद के कई दावेदार हैं।
उपेन्द्र कुशवाहा और पप्पू यादव को भी उम्मीद
रालोसपा के नेता उपेन्द्र कुशवाहा भी बिहार में मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार हैं। वह महागठबंधन में मुख्यमंत्री का चेहरा बनना चाहते थे, लेकिन तेजस्वी और राजद के न मानने पर उन्होंने महागठबंधन से किनारा कर लिया। उपेन्द्र कुशवाहा की रालोसपा बसपा और ओवैसी की एआईएमआईएम के साथ तालमेल करके चुनाव मैदान में हैं। उपेन्द्र कुशवाहा को लग रहा है कि उनके गठबंधन की सीटें ठीक ठाक संख्या में आने और त्रिशंकु विधानसभा की स्थिति आने पर अन्य के सहयोग से उनके सिर पर ताज सज सकता है।
उपेन्द्र कुशवाहा के बाद मुख्यमंत्री का सपना देखने वालों में राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव भी हैं। पप्पू यादव ने कोविड-19 संक्रमण काल, बिहार में बाढ़ आदि के समय में लोगों की बड़ी सहायता की है। मधेपुरा, सुपौल आदि में उनकी पकड़ भी ठीक है। उनकी पत्नी रंजीता रंजन कांग्रेस सांसद रह चुकी हैं। खुद पप्पू यादव भी कई बार सांसद रह चुके हैं। पप्पू यादव हेलीकाप्टर से प्रचार कर रहे हैं और उन्होंने बिहार में तमाम अपनी जन अधिकार पार्टी के बैनर तले पहले चरण में 33 प्रत्याशियों को मैदान में उतारा है। 11 प्रत्याशियों का नामांकन रद्द भी हो चुका है।
चर्चा में हैं मुख्यमंत्री पद की दावेदार पुष्पम प्रिया चौधरी
लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स से पढ़ाई करके आई पुष्पम प्रिया चौधरी बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के मैदान में हैं। पुष्पम प्रिया ने अपनी प्लूरल्स पार्टी बनाई है। वह लोगों ने आठ वचन ले रही हैं। घर घर से खोंयछा लेकर चुनाव प्रचार को धार दे रही हैं। प्रथम चरण में प्लूरल्स पार्टी ने 35 उम्मीदवार उतारे हैं और उन्हें उम्मीद है कि वह राज्य की मुख्यमंत्री बनेंगी।