फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bihar : नीतीश ने बताया- कब भाजपा ने टाली अटलजी की बात, क्यों इस बार समय से पहले संभव है लोकसभा चुनाव

Fri, 16 Jun 2023 12:26 PM IST
कुमार जितेंद्र ज्योति न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

Lok Sabha : विपक्षी एकजुटता के नाम पर 23 जून को पटना में पूरे देश से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरोधी नेताओं को जुटा रहे बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बताया कि लोकसभा चुनाव क्यों पहले हो सकता है। उन्होंने वजह पर विस्तार से जानकारी दी।
विज्ञापन
सीएम नीतीश कुमार। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

विपक्षी एकजुटता के नाम पर 23 जून को पटना में पूरे देश से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरोधी नेताओं को जुटा रहे बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बताया कि लोकसभा चुनाव क्यों पहले हो सकता है। उन्होंने वजह पर विस्तार से जानकारी दी और साथ ही बिहार के मौजूदा घटनाक्रम के बहाने पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी को लेकर भी बड़ा बयान दिया।

विज्ञापन


अटलजी नहीं चाहते थे, फिर भी भाजपा ने कराया था चुनाव
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी सत्ता में है। वह पहले भी जब सत्ता में थी और प्रधानमंत्री श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी थे तो पीएम की इच्छा के बगैर पर पार्टी ने लोकसभा चुनाव से करीब चार महीने पहले करा दिया था। क्यों कराया था, यह जानता हूं। इसलिए, इस बात के आसार जता रहा हूं कि देश में लोकसभा चुनाव पहले भी हो सकते हैं। उन्होंने कहा- "इस बार की परिस्थितियों को ही देखिए, विपक्षियों को एकजुट होते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी देख रहे हैं और भारतीय जनता पार्टी भी। अपोजिशन की यूनिटी की शुरुआत हो गई है तो उनलोगों को ऐसा लग सकता है कि ये लोग मिलकर आगे बहुत मूवमेंट करेंगे तो ज्यादा नुकसान होगा, इसलिए वे लोग पहले भी चुनाव करा सकते हैं। हमने तो ऐसे ही कहा था। इसकी संभावना हमेशा रहती है, इसलिए हमने सारी पार्टियों को अलर्ट किया है कि आपलोग मिलकर लड़िएगा तभी आपको विजय मिलेगी।"



शिड्यूल कास्ट देखकर जीतनराम मांझी को सीएम बनाया था
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा- "कौन लोग अभी क्या बोलता है और कैसे साथ छोड़ता है, यह आप लोग देखिए। हम तो इतना ही जानते हैं कि यह लोग कभी इधर तो कभी उधर जाते हैं। लेकिन, हम तो इनका ध्यान ही रखते रहे हैं। जब मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे रहे थे तो शिड्यूल कास्ट सोचकर जीतन राम मांझी को सीएम की कुर्सी पर बैठाया।" मुख्यमंत्री ने 13 जून को जीतन राम मांझी के बेटे संतोष कुमार सुमन उर्फ संतोष मांझी के बिहार कैबिनेट से इस्तीफे पर प्रतिक्रिया देते हुए साफ तौर पर यह जताया कि उन्होंने जब भी मौका मिला, अनुसूचित जातियों को मौका दिया लेकिन जीतन राम मांझी से धोखा ही मिला।

विज्ञापन
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें