Bihar : हेल्लो, गणित में 7 नंबर से फेल हो गई हो। अगर पास होना है तो हम एक क्यूआर कोड भेज रहे हैं, उसपर 2 हजार रुपया भेज दो... अगर ऐसा कॉल आपको भी आये तो जरा संभलिये, क्यों कि इसी कॉल की वजह से आज एक छात्रा की जान जाते-जाते बची है।
मुंगेर में एक छात्रा ने कीटनाशक दवा खाकर जान देने की कोशिश की। मामला सभ्यता सराय थाना क्षेत्र के हलिमपुर गांव की है। परिजनों ने आननफानन में उसे अस्पताल पहुंचाया, जहां घंटों इलाज के बाद छात्रा को घर भेज दिया गया। परिजनों ने वजह बताते हुए कहा कि एक कॉल आया था, जिसमें उसे मैट्रिक की परीक्षा में फेल होने की बात बताई गई। कॉल करने वाले ने कहा कि रुपया भेजो वरना फेल हो जाओगी।
घटना के संबंध में छात्रा साक्षी कुमारी ने बताया कि शुक्रवार की दोपहर एक बजे 9239052023 नंबर से एक कॉल आया, जिसमें यह कहा गया कि आप इस बार मैट्रिक की परीक्षा के गणित विषय में सात नंबर से फेल हो गई हो। अगर तुमको पास होना है तो हम एक क्यूआर कोड भेज रहे हैं, उसपर दो हजार रूपया भेज दो तो हम तुमको पास कर देंगे। वहीं फेल होने की जानकारी मिलने के बाद साक्षी परेशान हो गई और फौरन इस बात की जानकारी अपनी मां को दी।
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मां ने दो हजार देने में असमर्थता जताते हुए का कि हम अपना पेट काटकर तुमको कोचिंग में पढाये, इसके बाद भी तुम फेल हो गई। मेरे पास उतना पैसा नहीं है जो तुमको देकर पास करवा दें। वहीं इसके बाद घर में रखे कीटनाशक दवा को पी लिया। कीटनाशक दवा पीते ही उसकी तबियत बिगड़ने लगी, जिसके बाद पर परिजनों ने उसे सदर अस्पताल में भर्ती कराया। डॉ निरंजन कुमार ने इलाज के बाद छात्रा को घर भेज दिया। छात्रा और उसकी मां ने बताया कि हमलोग गरीब आदमी हैं और कैसे क्या फ्रॉड होता है हमलोग नहीं जानते हैं। फोन आने के बाद ही मेरी बेटी ने ऐसा किया है। मेरी बेटी कन्या मध्य विद्यालय से इस बार मैट्रिक की परीक्षा दी है। हम मजदूरी कर बेटी को पढ़ा रहे हैं और आगे नहीं बढ़ पाएगी तो हम क्या करेंगे।
वहीं जिले के कई इलाकों में साइबर फ्रॉड द्वारा इस बार की परीक्षा देने वाले छात्र - छात्राओं को फोन कर फेल होने जैसी भ्रामक जानकारी देकर उनसे पैसे ऐंठने की कोशिश कर रहे हैं।ऐसे कई छात्र - छात्रा हैं जो गार्जियन के डर से चुपचाप फ्रॉड के खाते में पैसे भेज भी रहे हैं। वहीं इस मामले में साइबर थानाध्यक्ष प्रभात रंजन ने बताया कि जो भी मैट्रिक या इंटर के छात्र - छात्राओं को नंबर बढ़वाने से संबंधित कॉल या मैसेज आते हैं वो पूरी तरह से फ्रॉड कॉल होते हैं।जिस भी छात्र को इस तरह के कॉल आ रहे हैं वो तुरंत उस नंबर को ब्लॉक करें और फ्रॉड होने से बचें।ऐसे कॉल आने के बाद छात्र अपने निकटवर्ती या साइबर थाना में आकर शिकायत दर्ज करा सकते हैं।