दस साल की नन्हीं उम्र में जब बच्चे बातें करना सीख रहे होते हैं तब देहरादून की ओजस्या ने अपनी लिखी कहानी की पुस्तक लांच की। दस वर्षीय ओजस्या सोहम उल्फत की बुक ‘द फाइट ऑफ ड्रैगन’ का शनिवार को नन्हीं दुनिया डालनवाला में विमोचन किया गया। तोतली बातें करने की इस उम्र में कहानी लिखना बड़ी बात है।
पुस्तक में कुछ गलतियां भी हैं लेकिन ओजस्या के पिता थियेटर उस्ताद आलोक उल्फत ने कहा कि हमने उसमें एडिटिंग न करते हुए ज्यों की त्यों पुस्तक प्रकाशन किया है। पुस्तक के लेखक ने समारोह में अपनी लिखी कहानी उपस्थित लोगों को सुनाई।
बेबी ड्रैगन के बारे में कहानी
समारोह का संचालन करते हुए उस्ताद आलोक उल्फत ने कहा कि आर्ट हार्ट का हिस्सा है। उन्होंने अपने ओजस्वी पुत्र के बारे में बताया कि ओजस्या ने मजाक-मजाक में ही ये पुस्तक बनाने लिखने की बात मुझसे कही थी। मैंने कहा कि अगर ऐसा है तो इसे लिपिबद्ध कर दो।
इस पुस्तक में एक ड्रेगन और बेबी ड्रैगन के बारे में लिखा गया है। 11 पन्नों व 120 रुपये की इस पुस्तक में पेंटिंग के भी कई पन्ने हैं।
इस दौरान बाल लेखिका वृंदा ने भी अपने विचार पत्रकारों के समक्ष रखे। उन्होंने आंग्ल भाषा में बताया कि वह भी 9-10 वर्ष की उम्र में एक पुस्तक लिख चुकी हैं और अब भी कई पुस्तकें बच्चों को फोकस करती हुई लिख रही हैं। इस दौरान नन्हीं दुनिया की थियेटर उस्ताद आलोक उल्फत की बहन किरण उल्फत गोयल, इरा चौहान, अंजलि नौरियाल, वृंदा बत्रा, सतीश शर्मा मौजूद रहे।