पेट्रोल-डीजल को लेकर क्या है सरकार की सोच?
बसवर्ल्ड कॉन्क्लेव 2026 में बोलते हुए, गडकरी ने इस बात पर जोर दिया कि भारत ईंधन के आयात पर बहुत अधिक निर्भर है, जो आर्थिक रूप से महंगा और पर्यावरण के लिए हानिकारक है।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा, "एक बात बिल्कुल साफ है, डीजल और पेट्रोल इंजन का कोई भविष्य नहीं है।"
उन्होंने निर्माताओं से बायोफ्यूल जैसे विकल्पों को अपनाने को कहा, क्योंकि पारंपरिक ईंधन प्रदूषण और आयात पर निर्भरता की "गंभीर समस्या" पैदा कर रहे हैं।
क्या यह ऑटो इंडस्ट्री के लिए बड़ा संकेत है?
यह बयान साफ तौर पर दिखाता है कि आने वाले समय में ऑटो सेक्टर को स्वच्छ ईंधन और नई तकनीकों पर ज्यादा ध्यान देना होगा।
इससे न केवल पर्यावरण को फायदा होगा, बल्कि देश की ऊर्जा आत्मनिर्भरता भी मजबूत होगी।