आपका एंड्रॉयड फोन सिर्फ कॉल और बातचीत तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके कई और भी फायदे हैं। NFC (नियर फील्ड कम्युनिकेशन) एक ऐसा फीचर है जिसके बारे में ज्यादा चर्चा नहीं होती लेकिन इसके इस्तेमाल बहुत व्यापक हैं। यह वही तकनीक है जो 'टैप टू पे' (कॉन्टैक्टलेस पेमेंट) को संभव बनाती है। लेकिन यह पेमेंट करने के अलावा आपकी कार को लॉक और अनलॉक करने के काम भी आ सकती है।
शुरुआत करने से पहले यह जांचना जरूरी है कि आपका फोन और कार इस फीचर को सपोर्ट करते हैं या नहीं। डिजिटल कार की चुनिंदा डिवाइसेज पर उपलब्ध है जो एंड्रॉयड 12 या उससे नए वर्जन पर चल रहे हैं। आप आधिकारिक एंड्रॉयड डिजिटल कार की पेज पर जाकर सपोर्टेड कार मॉडल्स और फोन की लिस्ट देख सकते हैं।
एक बार जब यह पुष्टि हो जाए कि आपका फोन और कार दोनों कंपैटिबल हैं। तो अगला कदम कार में इस फीचर को एक्टिवेट करना है। यह आमतौर पर कार की बिल्ट-इन डिस्प्ले (इंफोटेनमेंट सिस्टम) में डिजिटल की ऑप्शन के तहत किया जा सकता है। कुछ कंपनियां आपको एक एक्टिवेशन लिंक भेजती हैं। जिसके बाद ईमेल-आधारित सेटअप करना होता है। अगर आप सुनिश्चित नहीं हैं, तो अपनी डीलरशिप से संपर्क करें।
अगर आपको ईमेल या कार निर्माता के एप से लिंक मिलता है। तो निर्देशों का पालन करें और अपने गूगल अकाउंट में साइन इन करें। नियम और शर्तें पढ़ें और 'स्टार्ट पेयरिंग' विकल्प चुनें। इसके बाद अपने फोन को कार के 'की रीडर' (Key Reader) के पास रखें। जैसे ही NFC पेयरिंग पूरी होगी, आपकी डिजिटल की आपके फोन के गूगल वॉलेट एप में दिखाई देने लगेगी।
अपनी कार को लॉक या अनलॉक करने के लिए, बस अपने एंड्रॉयड फोन के पिछले हिस्से को कार के डोर हैंडल के पास ले जाएं। गाड़ी स्टार्ट करने के लिए, अपने फोन को कार के अंदर दिए गए 'की रीडर' पर रखें। कुछ कार मॉडल्स में 'पैसिव एंट्री' का फीचर भी होता है। अगर आपकी कार इसे सपोर्ट करती है, तो जैसे ही आप गाड़ी के पास जाएंगे, वह अपने आप अनलॉक हो जाएगी। आपको फोन जेब से निकालने या डोर हैंडल पर टैप करने की भी जरूरत नहीं पड़ेगी।
पैसिव एंट्री डिफॉल्ट रूप से चालू रहती है और जब आप गाड़ी से दूर जाते हैं तो यह अपने आप लॉक भी हो जाती है। अगर आप सुरक्षा कारणों से इसे बंद करना चाहते हैं, तो गूगल वॉलेट में अपनी डिजिटल की पर जाएं, 'डिटेल्स' चुनें और 'पैसिव एंट्री' को डिसेबल कर दें। डिफॉल्ट रूप से, फोन लॉक होने पर भी आप NFC के जरिए कार अनलॉक कर सकते हैं। सुरक्षा बढ़ाने के लिए, आप गूगल वॉलेट में यह सेटिंग कर सकते हैं कि कार की तभी काम करे जब आपका फोन अनलॉक हो। इसके लिए 'रिक्वायर्ड फोन अनलॉक' विकल्प चुनें। कुछ सपोर्टेड मॉडल्स में आप गूगल वॉलेट के जरिए दूर से ही कार को लॉक/अनलॉक कर सकते हैं, अलार्म बजा सकते हैं या डिक्की (Trunk) खोल सकते हैं।
एंड्रॉयड में चोरी या डेड फोन के लिए भी सुरक्षा उपाय मौजूद हैं। फोन खो जाने पर आप 'गूगल फाइंड माई डिवाइस' का उपयोग करके अपने डिवाइस को सिक्योर या इरेज (Erase) कर सकते हैं। ऐसा करने पर गूगल वॉलेट से आपकी कार की और कार्ड्स हट जाएंगे। आपके फोन की बैटरी खत्म हो जाती है, तो भी यह कुछ घंटों तक डिजिटल की के रूप में काम करता रहेगा।