लोग निजी वाहनों को देंगे ज्यादा अहमियत
कंपनियों का मानना है कि लोग सार्वजनिक परिवहन से दूरी बनाएंगे। मारुति सुजुकी इंडिया को लॉकडाउन खत्म होने के बाद की स्थिति में कम कीमतों वाली कारों की मांग बढ़ने की उम्मीद है। कंपनी के कार्यकारी निदेशक (सेल्स एंड मार्केटिंग) शशांक श्रीवास्तव ने कहा कि लोग सार्वजनिक परिवहन की जगह निजी वाहनों को वरीयता देंगे। कई ग्राहक सर्वेक्षणों में भी यह बात सामने आई है। उन्होंने कहा कि आर्थिक गतिविधियों के नरम रहने और लोगों की क्रय शक्ति प्रभावित होने से लोग निजी परिवहन के लिए छोटी या कम कीमत वाली कारें खरीदना पसंद करेंगे।
बढ़ सकती है कारों की बिक्री
टोयोटा किर्लोस्कर के प्रवक्ता ने कहा कि संक्रमण से बचने के लिए लोग निजी वाहनों की ओर बढ़ सकते हैं। हालांकि यह ध्यान रखना होगा कि मौजूदा समय में ग्राहकों की मांग सीमित रहने वाली है। होंडा कार्स इंडिया के वरिष्ठ उपाध्यक्ष और विपणन एवं बिक्री निदेशक राजेश गोयल ने कहा कि लोग संक्रमण को लेकर ज्यादा सजग रहेंगे, इसलिए सार्वजनिक परिवहन की जगह लोग निजी वाहनों को ज्यादा अहमियत देंगे। उन्होंने कहा कि इससे कारों की बिक्री बढ़ सकती है।
सेकंड हैंड कार बाजार में आएगी तेजी
वहीं जानकारों का मानना है कि भारत सहित दुनियाभर में वायरस संकट से हाहाकार मचा है। लोग लॉकडाउन खुलने का इंतजार कर रहे हैं। उद्योग सेक्टरों की हालत खराब है। कैश फ्लो के चलते पैसे की किल्लत शुरू हो गई है। वहीं आर्थिक तंगी के इस समय में जो लोग वाहन खरीदने का प्लान कर रहे थे, वह अब पैसों को संभालकर रखना पसंद करेंगे। जानकारों का मानना है कि जो लोग नई कार खरीदने का विचार कर रहे थे, उनमें से ज्यादातर लोग अब सेकंड हैंड कार खरीदना पसंद करेंगे। यानी लॉकडाउन के बाद बाजार में सेकंड हैंड कारों को लेकर तेजी आ सकती है।