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Car Tips: अगर कार के टायरों में इस तरह से भरवाई हवा तो क्या होंगे नुकसान? जानें काम की खबर

Thu, 01 Aug 2024 11:54 AM IST
अमित कुमार ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

काफी लोग अपनी कार के टायरों में गलत ढंग से हवा डलवाते हैं। कार चालक की इस छोटी सी गलती की वजह से कार को काफी बड़ा नुकसान हो सकता है। ऐसे में जानिए किस तरह से टायरों में सही हवा भरवाई जाए। 
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Car Tips - फोटो : FREEPIK
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विस्तार
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सड़क पर सेफ तरीके से कार चलें, इसके लिए जरूरी है कि गाड़ी के टायर सही कंडीशन में रहें। साथ ही कार के बाकी सभी उपकरण भी सुरक्षित रहें। फिलहाल देशभर में मानसून का मौसम जारी रहा है, ऐसे में कार के टायर में सही हवा भरवान बेहद जरूरी है, ऐसा नहीं होने पर कार का संतुलन बिगड़ सकता है। अगर आप नहीं जानते हैं तो आपको बता दें कि टायरों में साधारण और नाइट्रोजन हवा को भरवाया जाता है। मगर क्या इन दोनों हवा को मिक्स करके टायर में भरवा सकते हैं। इस सवाल का जवाब बेहद ही कम लोग जानते हैं, चलिए आगे जानते हैं कि क्या है इसका सही जवाब। 

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कार में नाइट्रोजन हवा भरने के लाभ

  • कार के टायरों में साधारण हवा के मुकाबले नाइट्रोजन हवा भरवाना फायदेमंद होता है। टायर में नाइट्रोजन हवा भरवाने से टायरों की लाइफ बढ़ती है। 
  • साथ ही टायरों का तापमान भी साधारण हवा भरवाने के मुकाबले कम गर्म होता है, यानी नियंत्रित रहता है। 
  • अगर आप नहीं जानते हैं तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि टायर में साधारण हवा की तुलना में नाइट्रोजन हवा भरवाना अधिक लाभदायक होता है। 
  • कार में टायरों में नाइट्रोजन हवा भरवाने से कार टायरों के फटने की संभावना कम हो जाती है, ऐसे में कार की सेफ्टी पर भी अच्छा प्रभाव पड़ता है। 
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टायरों में दो तरह की हवा डलवाने के नुकसान

गाड़ी के टायरों में साधारण और नाइट्रोजन हवा भरवाने का मतलब होता है कि टायरों में खतरा बढ़ाना। जी हां, दरअसल, दोनों ही तरह की हवा का एक्सपेंशन रेट अलग-अलग होता है। इस वजह से टायरों का संतुलन बिगड़ सकता है। इन दोनों हवा को मिलाकर टायर में डलवाने से टायर की लाइफ पर बुरा असर पड़ेगा। इन दोनों हवा के साथ ऑक्सीजन और कई अन्य तरह की एयर भी शामिल होती है। नाइट्रोजन हवा टायर को स्थिर रखने में मदद करती है, दूसरी तरफ, साधारण एयर में ऐसा नहीं होता है। इस वजह से टायर पर दबाव पड़ता है। ऐसे में टायर फट सकता है।
इसके साथ ही आजकल बाजार में आने वाली कारों में टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम यानी टीपीएमएस लगा होता है, इसकी मदद से ड्राइवर को टायर के एयर प्रेशर की जानकारी मिलती रहती है। अगर टायरों में साधारण और नाइट्रोजन हवा दोनों को मिक्स करके डलवाया जाएगा, तो इससे टीपीएमएस सही ढंग से काम नहीं करेगा। इसके अलावा दोनों टायरों को एकसाथ डलवाने से कार की माइलेज भी कम हो सकती है। 
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