नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने हाईवे पर सफर करने वालों के लिए एक स्मार्ट डिजिटल सुविधा लॉन्च की है। अब ड्राइवर ‘राजमार्ग यात्रा’ एप की मदद से यह जान सकेंगे कि दो शहरों के बीच यात्रा करने पर किस रास्ते पर सबसे कम टोल देना होगा। इस एप में न केवल टोल की जानकारी दी गई है, बल्कि नेशनल हाईवे से जुड़ी अन्य जानकारियों और शिकायतें दर्ज कराने की सुविधा भी मौजूद है।
उदाहरण पर अगर दिल्ली से लखनऊ के बीच तीन रूट हैं, जैसे यमुना एक्सप्रेसवे, गाजियाबाद-अलीगढ़-कानपुर और मुरादाबाद-बरेली-सीतापुर तो एप सभी रूट्स की तुलना कर सबसे कम टोल वाला और सुविधाजनक रास्ता बताएगा। इससे न केवल पैसों की बचत होगी बल्कि ड्राइविंग अनुभव भी बेहतर होगा।
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नियमों की अनदेखी पर भी नजर
दिल्ली-गुड़गांव एक्सप्रेसवे और द्वारका एक्सप्रेसवे जैसे मार्गों पर दोपहिया और तिपहिया वाहन नियमों को तोड़कर प्रवेश करते हैं, जबकि इन पर इनकी एंट्री प्रतिबंधित है। NHAI के एडवांस्ड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ATMS) से मिले आंकड़ों के अनुसार, 21 से 23 जून के बीच करीब 1.73 लाख बार नियमों का उल्लंघन हुआ, जिनमें से एक लाख से ज्यादा बार प्रतिबंधित वाहनों की एंट्री रिकॉर्ड की गई।
दिल्ली से जयपुर का सफर सिर्फ 3 घंटे में होगा पूरा
सफर को और भी तेज और सुगम बनाने के लिए NHAI एक नया 67 किलोमीटर लंबा रूट शुरू करने जा रहा है, जो बांदीकुई से जयपुर तक जाएगा और दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से जुड़ जाएगा।
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NHAI राजस्थान के क्षेत्रीय अधिकारी प्रदीप अत्री के अनुसार, 1,368 करोड़ रुपये की लागत से बना यह चार लेन का मार्ग जुलाई में ट्रायल के लिए चालू किया जा सकता है। इसे बनने में ढाई साल लगे हैं। फिलहाल दिल्ली से जयपुर पहुंचने में लगभग 4 घंटे लगते हैं, लेकिन इस नए रूट के जरिए यह सफर सिर्फ 3 घंटे में पूरा हो सकेगा।