कानून-व्यवस्था के लिए 20,000 पुलिसकर्मी तैनात
ट्रैफिक जांच के साथ-साथ दिल्ली पुलिस ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए करीब 20,000 पुलिसकर्मियों को मैदान में उतारा। नए साल के जश्न के दौरान भीड़ की आवाजाही पर नजर रखने और किसी भी अप्रिय स्थिति से तुरंत निपटने के लिए जिला नियंत्रण कक्षों के बीच रियल-टाइम समन्वय रखा गया।
यह भी पढ़ें - No PUCC-No Fuel: ओडिशा में बिना PUCC नहीं मिलेगा पेट्रोल-डीजल, सरकार ने नियम को एक अप्रैल तक बढ़ाया
यह भी पढ़ें - Delhi Vehicles: 2025 में दिल्ली में वाहनों की हुई बंपर बिक्री, लेकिन गाड़ियों की रिकॉर्ड बिक्री क्यों है खतरे की घंटी!
स्टंट और लापरवाही पर जीरो टॉलरेंस
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने साफ कहा कि सड़कों पर किसी भी तरह के स्टंट की इजाजत नहीं दी जाएगी। लोगों की जान को खतरे में डालने या कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस बल पूरी तरह से तैयार रहा और नियम तोड़ने वालों से सख्ती से निपटा गया।
यह भी पढ़ें - Lokpal Car: लोकपाल ने विवादों के बीच सात बीएमडब्ल्यू लग्जरी कारों का टेंडर किया रद्द, जानें फैसले की वजह
भीड़भाड़ वाले इलाकों पर खास नजर
पुलिस ने खास तौर पर कनॉट प्लेस, हौज खास और एयरोसिटी जैसे इलाकों पर अतिरिक्त ध्यान दिया, जहां नए साल की रात भारी भीड़ उमड़ने की संभावना रहती है। इन क्षेत्रों में गश्त और निगरानी को और मजबूत किया गया।
यह भी पढ़ें - Concept EV: एक बार फुल चार्ज करने पर 1,000 किमी से ज्यादा चलने वाली रेनो की कॉन्सेप्ट ईवी, जानें डिटेल्स
निगरानी और आपात सेवाएं भी रहीं सक्रिय
शहर भर में कंट्रोल रूम से सीसीटीवी कैमरों और ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकॉग्निशन सिस्टम के जरिए ट्रैफिक पर चौबीसों घंटे नजर रखी गई। इससे जाम या किसी आपात स्थिति में तुरंत हस्तक्षेप संभव हो सका। इसके साथ ही एंबुलेंस और दिल्ली फायर सर्विस जैसी आपात सेवाओं को भी अलर्ट मोड पर रखा गया, ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत मदद पहुंचाई जा सके।
यह भी पढ़ें - Hybrid Cars: हाइब्रिड वाहनों का सबसे बड़ा बाजार बना उत्तर प्रदेश, दिल्ली और कर्नाटक ईवी अपनाने में आगे
सख्त संदेश के साथ सुरक्षित जश्न का प्रयास
दिल्ली पुलिस ने स्पष्ट किया कि यह अभियान सिर्फ चालान काटने के लिए नहीं था। बल्कि नशे में ड्राइविंग के खिलाफ एक मजबूत संदेश देने के लिए चलाया गया। सड़क हादसों की बड़ी वजह मानी जाने वाली इस लापरवाही पर लगाम लगाकर नए साल का जश्न सुरक्षित तरीके से मनाना ही इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य रहा।
यह भी पढ़ें - EV Car Sales: 2025 में इलेक्ट्रिक कार बिक्री 76% उछली, स्ट्रॉन्ग हाइब्रिड्स ने 83% ग्रोथ के साथ ईवी को पीछे छोड़ा