मेघालय के मुख्यमंत्री कोनराड संगमा ने कहा कि वह अपने कार्यालय तक आने-जाने के लिए एक इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) का इस्तेमाल करेंगे।
मुख्यमंत्री ने अन्य विभागों और नागरिकों से इलेक्ट्रिक वाहनों का इस्तेमाल शुरू करने के लिए भी कहा क्योंकि यह हरित होने की दिशा में एक कदम है। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित करना है कि "हम पर्यावरण की रक्षा करने और ग्लोबल वार्मिंग और जलवायु परिवर्तन पर जीवाश्म ईंधन के प्रभाव को कम करने के लिए अपना हिस्सा करने में सक्षम हैं।"
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मुख्यमंत्री ने कहा कि वह जीवाश्म ईंधन पर निर्भरता को कम करने के लिए इलेक्ट्रिक वाहनों का इस्तेमाल करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि सरकारी विभागों और राज्य के नागरिकों के बीच इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को ज्यादा तवज्जो दी जाए।
उन्होंने शुक्रवार को संवाददाताओं से कहा, "मुझे यकीन है कि इससे न सिर्फ कार्यालय के खर्च में कमी आएगी बल्कि यह भी सुनिश्चित होगा कि हम पर्यावरण की रक्षा के लिए अपनी भूमिका निभाएं।"
अधिकारियों ने कहा कि सीएम सचिवालय ने हाल ही में मुख्यमंत्री के लिए एक इलेक्ट्रिक वाहन का ऑर्डर दिया था और शुक्रवार को इसकी डिलीवरी हुई है।
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ईवी के फायदे
महंगे होते पेट्रोल-डीजल और सीएनजी के बीच इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (ईवी) देश में नई क्रांति ला रहे हैं। ईवी का बाजार बहुत तेजी से बढ़ रहा है। छोटे-बड़े शहरों के अलावा ग्रामीण इलाकों में इलेक्ट्रिक व्हीकल आसानी से देखे जा सकते हैं। शहरों में टू-थ्री व्हीलर के अलावा ईवी कारों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। धुआं न छोड़ने वाले इलेक्ट्रिक व्हीकल इनवायरमेंट फ्रेंडली तो हैं ही, हमारी पॉकिट को भी राहत देते हैं।