Mahindra and Mahindra (महिंद्रा एंड महिंद्रा) ने कानपुर में Scorpio (स्कॉर्पियो) एसयूवी से जुड़े हादसे में, कंपनी के चेयरमैन आनंद महिंद्रा और 12 अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज होने के बाद स्पष्टीकरण जारी किया है। पीड़ित के परिवार ने दावा किया कि एसयूवी में एयरबैग नहीं था जिससे उसकी जान बच सकती थी। मामला दर्ज होने के तीन दिन बाद, महिंद्रा ने एक बयान जारी कर साफ किया है कि क्या स्कॉर्पियो एसयूवी में एयरबैग थे और दुर्घटना के दौरान वे क्यों नहीं खुले।
पिछले साल 14 जनवरी को हुए हादसे में एक डॉक्टर की मौत हो गई थी। पीड़ित को स्कॉर्पियो एसयूवी उसके पिता से बतौर तोहफे के रूप में मिली थी। जब पीड़ित लखनऊ से कानपुर जा रहा था तो कोहरे के कारण एसयूवी डिवाइडर से टकराकर पलट गई। पीड़ित की मौके पर ही मौत हो गई। बाद में, परिवार ने यह जानने के लिए महिंद्रा सर्विस सेंटर से संपर्क किया कि पीड़ित के सीट बेल्ट पहनने के बावजूद घटना के दौरान एयरबैग क्यों नहीं खुले।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, पीड़ित के पिता राजेश मिश्रा ने आरोप लगाया कि स्थानीय सर्विस स्टेशन के मैनेजर ने उनके साथ दुर्व्यवहार किया और यहां तक कि जान से मारने की धमकी भी दी, जब उन पर यह आरोप लगाया गया कि एसयूवी में कोई भी एयरबैग नहीं थे। परिवार ने एसयूवी की सुरक्षा पर झूठे आश्वासन पर कथित धोखाधड़ी के मामले में महिंद्रा और 12 अन्य के खिलाफ कानपुर में एफआईआर दर्ज की थी।
महिंद्रा ने अपनी सफाई में इस आरोप से इनकार किया है कि स्कॉर्पियो एसयूवी में एयरबैग नहीं लगे थे। कार निर्माता ने कहा कि जिस एंगल (कोण) पर स्कॉर्पियो एसयूवी दुर्घटनाग्रस्त हुई, उस कारण एयरबैग खुल नहीं सके। स्कॉर्पियो एसयूवी एक S9 वैरिएंट थी जिसे 2020 में खरीदा गया था। बयान में कहा गया है, ''यह आरोप लगाया गया कि वाहन में एयरबैग नहीं थे। इसलिए हम स्पष्ट रूप से फिर पुष्टि करना चाहेंगे कि 2020 में निर्मित स्कॉर्पियो S9 वैरिएंट में एयरबैग थे। हमने जांच की है और एयरबैग में कोई खराबी नहीं थी। यह एक रोलओवर केस था जिसमें फ्रंटल एयरबैग नहीं खुलेगा।"
महिंद्रा ने यह भी कहा कि कार निर्माता द्वारा पिछले साल अक्तूबर में एक विस्तृत जांच की गई थी ताकि यह पता लगाया जा सके कि कानपुर दुर्घटना के दौरान स्कॉर्पियो एसयूवी में एयरबैग क्यों नहीं खुले। महिंद्रा ने यह भी कहा, "मामला फिलहाल विचाराधीन है और हम किसी भी आगे की जांच के लिए अधिकारियों के साथ सहयोग करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। हम परिवार के प्रति पूरी सहानुभूति रखते हैं और उनके दुख में उनके प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हैं।"
महिंद्रा फिलहाल स्कॉर्पियो एसयूवी का पुराना वर्जन नहीं बेचती है। इसके बजाय, पिछले साल फेसलिफ्ट वर्जन लॉन्च होने के बाद मॉडल को स्कॉर्पियो क्लासिक के रूप में रीब्रांडेड किया गया है। स्कॉर्पियो क्लासिक एसयूवी चार वैरिएंट्स में उपलब्ध है। सेफ्टी फीचर्स की बात करें तो, एसयूवी में ड्राइवर और सह-यात्री के लिए कम से कम दो एयरबैग की पेशकश की जाती है। यह ABS के साथ EBD, क्रैश सेंसर और जैसे सारे सेफ्टी फीचर्स के साथ आता है। ग्लोबल एनसीएपी क्रैश टेस्ट में इस एसयूवी को ज्यादा अच्छा प्रदर्शन नहीं किया, जहां इसे 2-स्टार रेटिंग मिली।