कितना सेस देना होगा और किस वाहन पर कितना लगेगा?
सरकारी अधिसूचना के अनुसार, सेस की राशि वाहन के प्रकार के आधार पर तय की गई है।
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दोपहिया वाहनों पर 2,000 रुपये
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हल्के मोटर वाहन (कार आदि) पर 5,000 रुपये
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अन्य वाहन, जिनमें 4 से 7 सीटों वाले यात्री ऑटो शामिल हैं, पर 10,000 रुपये
यह पूरी राशि वाहन रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया के दौरान ही वसूल की जाएगी।
सरकार ने यह फैसला किस कानूनी आधार पर लिया है?
परिवहन विभाग ने यह आदेश राज्य को मोटर वाहन अधिनियम के तहत प्राप्त अधिकारों का उपयोग करते हुए जारी किया है। अधिकारियों के मुताबिक, यह कदम सड़क सुरक्षा के लिए अलग से फंड सुनिश्चित करने के मकसद से उठाया गया है।
रोड सेफ्टी सेस से मिलने वाला पैसा कहां खर्च होगा?
सरकार का कहना है कि इस सेस से जुटाई गई रकम का उपयोग
तीन पहिया मालवाहक वाहनों के टैक्स में क्या बदलाव हुआ है?
इसी के साथ सरकार ने तीन पहिया मालवाहक वाहनों को अब लाइफ टैक्स के दायरे में ला दिया है। पहले इन पर तिमाही टैक्स लागू था। इस बदलाव से वाहन मालिकों के लिए अनुपालन आसान होने और टैक्स संग्रह व्यवस्था को सरल बनाने की उम्मीद है।
किन वाहनों को इस सेस से छूट दी गई है?
कृषि कार्यों में उपयोग होने वाले ट्रैक्टर और ट्रेलर को रोड सेफ्टी सेस से पूरी तरह छूट दी गई है।
हल्के मालवाहक चारपहिया वाहनों के टैक्स में क्या नया नियम आया है?
तेलंगाना में पंजीकृत होने वाले नए चारपहिया हल्के मालवाहक वाहनों पर अब वाहन लागत का 7.5 प्रतिशत लाइफ टैक्स लगेगा।
वहीं, अन्य राज्यों से लाए गए ऐसे वाहनों पर उम्र के हिसाब से टैक्स तय किया गया है-
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3 साल से कम पुराने वाहन: 6.5 प्रतिशत
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3 से 6 साल पुराने वाहन: 5 प्रतिशत
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6 साल से ज्यादा पुराने वाहन: 4 प्रतिशत
सरकार को इस सेस से कितनी कमाई की उम्मीद है?
सरकारी अनुमान के मुताबिक, यह नया रोड सेफ्टी सेस हर साल करीब ₹270 करोड़ का राजस्व जुटा सकता है, जिससे राज्य में सड़क सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं को मजबूती मिलेगी।