Bharat Earth Movers Limited (भारत अर्थ मूवर्स लिमिटेड) (BEML) ने एक बयान में कहा कि उसने स्टैंडर्ड गेज मेट्रो कारों के 96 ट्रेनसेटों (6-कार ट्रेनसेट) के डिजाइन, निर्माण, आपूर्ति, परीक्षण, चालू करने और प्रशिक्षण के लिए वैश्विक प्रतिस्पर्धा के बीच लगभग 4,319 करोड़ रुपये के मूल्य के ऑर्डर हासिल किया।
सेठ ने अर्बन मोबिलिटी (शहरी गतिशीलता) को बढ़ाने में स्वदेशी रूप से विकसित मेट्रो रेल प्रणालियों के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा, "मेड-इन-इंडिया पहल में BEML का योगदान सराहनीय है। चालक रहित मेट्रो ट्रेनसेट एडवांस्ड परिवहन समाधानों के निर्माण में हमारे देश की बढ़ती क्षमताओं का प्रतीक है।"
BEML लिमिटेड के सीएमडी शांतनु रॉय ने मंत्रालय के निरंतर समर्थन के लिए अपनी प्रशंसा व्यक्त की और गुणवत्तापूर्ण उत्पाद वितरित करने के लिए कंपनी की प्रतिबद्धता को दोहराया।
उन्होंने कहा, "BEML में हमारी टीम राष्ट्र के बुनियादी ढांचे के विकास में योगदान करने पर गर्व करती है। हम अपने सभी प्रयासों में उत्कृष्टता और नवाचार के लिए प्रतिबद्ध हैं।"
खास बात यह है कि यह विदेशों की तर्ज पर भारत में भी इस मानव रहित ट्रेन में लोग अपनी साइकिल पार्क करेंगे। फिर अपने स्टेशन पर उतरकर अपनी साइकिल से गंतव्य की ओर रवाना हो सकेंगे।
बयान में कंपनी ने कहा कि डिजाइन चरण के दौरान, BEML ने यह सुनिश्चित किया कि मेट्रो ट्रेन को अधिकतम यात्री आराम, सुरक्षा और ऊर्जा दक्षता के लिए अनुकूलित किया गया है, जो कड़े वैश्विक मानकों को पूरा करता है। 6-कार ट्रेनसेट में 2,306 यात्रियों को ले जाने की क्षमता है, जिसमें 298 यात्रियों के बैठने की जगह है।
बयान में कहा गया, "शुरुआत में, यह ऑर्डर 378 डिब्बों के लिए था, बाद में DMRC (दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन) द्वारा अतिरिक्त 126 और 72 डिब्बों के ऑर्डर दिए गए। कुल मिलाकर, 576 मेट्रो डिब्बों का यह ऑर्डर, जिसकी कीमत लगभग 4,319 करोड़ रुपये है, भारत में अब तक किसी भी मेट्रो निर्माता द्वारा हासिल किया गया सबसे बड़ा मेट्रो रोलिंग स्टॉक ऑर्डर है।"
"यह आयोजन स्थायी शहरी परिवहन समाधान हासिल करने की दिशा में एक प्रमुख कदम है। और भारत सरकार के स्वदेशी विनिर्माण क्षमताओं को बढ़ावा देने के दृष्टिकोण के साथ संरेखित है।"