ऑनलाइन बुकिंग के जरिए ड्राइविंग को एक पेशे के रूप में स्वीकार कर चुके ड्राइवरों में बढ़ते असंतोष को देखते हुए उबर के इंडिया प्रेसीडेंट, अमित जैन खुलकर सामने आए हैं। उन्होंने ड्राइवरों से जुड़े हर मुद्दे पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। ड्राइवरों की आमदनी, उनके इन्सेंटिव (ईनाम राशि) के बारे में अपनी बात कुछ इस तरह से रखी है आइए आपको क्रमवार बताते हैं।
ड्राइवरों का विरोध प्रदर्शन कितना सही?
मैं भारत में उबर की टीम की ओर से यह कहना चाहता हूं कि पिछले कुछ सप्ताह के दौरान उबर पर निर्भर रहने वाले यात्रियों और ड्राइवरों को जिस प्रकार से विध्वंसक गतिविधियां झेलनी पड़ी हैं, उसका हमे बेहद खेद है। यह हमारे लिए एक मुश्किल समय रहा है और हम पूरे देश के यात्रियों और ड्राइवरों से मिले मज़बूत समर्थन के लिए आभारी हैं। साथ ही, देश की अदालतों और कानून लागू करने वाली एजेंसियों के भी शुक्रगुज़ार हैं जिन्होंने हिंसा और धमकाने वाली गतिविधियों पर कार्रवाई की। महज कुछ लोग जो ड्राइवर समुदाय का प्रतिनिधित्व नहीं करते, ड्राइवरों को काम करने से रोक रहे हैं। हम रोज़ाना ड्राइवरों के संपर्क में हैं – फोन सहायता के जरिये, एसएमएस और वीडियो संदेशों द्वारा, और हमारे ग्रीनलाइट सेंटर्स में व्यक्तिगत मुलाकात भी कर रहे हैं, जहां प्रतिदिन हज़ारों ड्राइवर अपनी समस्याएं लेकर आते हैं। ड्राइवरों की निजी परेशानियां काफी अलग-अलग होती हैं। हम उनकी समस्याओं के लिए बेहद सजग हैं और संदेह मिटाने के लिए अपने संपर्क को बेहतर बनाएंगे। पिछले साल हमने ड्राइवरों के लिए खास नियमित सामूहिक चर्चा उबर-समाज की शुरुआत की, जिसकी निगरानी मैं खुद करता हूं और यहां किसी भी मुद्दे को सामने रखने पर रोक नहीं है। इससे जुड़ी गतिविधियां वर्तमान में पांच शहरों में चल रही हैं और हम इसे अन्य शहरों में भी शुरु करने वाले हैं।
इस वर्ष मेरे साथ-साथ मेरी टीम के हर सदस्य ने ड्राइवरों के सवालों का व्यक्तिगत रूप से जवाब देने और उनका समाधान करने का वादा किया है। हम सभी ड्राइवरों से जुड़ने और उन्हें समाधान प्रदान करने के लक्ष्यों को पूरा करने के लिए जवाबदेह होंगे।
आपका ड्राइवर कितना कमाता है?
उबर ऐप का इस्तेमाल कर गाड़ी चलाना और एक प्राइवेट ड्राइवर, टैक्सी ड्राइवर के रूप में काम करना या फिर मान लें कि एक दुकान में सहायक के रूप में काम करना काफी अलग होता है। यहां काम करने के निश्चित घंटे होते हैं और इन घंटों के हिसाब से पैसे मिलते हैं। जबकि उबर का उद्देश्य निजी व्यवसाय को बढ़ावा देना है। एक जैसी आमदनी सभी के लिए पर्याप्त नहीं हो सकती।
ड्राइवरों की व्यक्तिगत आमदनी में काफी अधिक अंतर होता है और ड्राइवरों का निजी व्यवहार – कहां, कब और कितना अधिक या कम गाड़ी चलाना चाहते हैं – भी काफी अलग-अलग होता है। इस तरह औसत बताना तो मुश्किल है। हालांकि, पूरे भारत में 80% ड्राइवर जो एक दिन में छह घंटे से अधिक ऑनलाइन रहते हैं, वो उबर का सेवा शुल्क घटाने के बाद रु. 1500 से रु. 2500 की शुद्ध कमाई प्रतिदिन करते हैं।
किस आधार पर देते हैं इनसेंटिव?
ड्राइवर, यात्रियों की तरफ से चुकाए जाने वाले किराये से पैसा कमाते हैं और इन्सेंटिव से भी (उदाहरण के लिए, एक ड्राइवर को निश्चित संख्या में यात्राएं पूरी करने पर एक निश्चित राशि मिल सकती है)। यह इन्सेंटिव ड्राइवरों में व्यक्तिगत रूप से अलग-अलग होते हैं। यह हमारे बिजनेस मॉडल की तरह बदलता रहता है और हम लगातार किराये से होने वाली आमदनी और हमारी इन्सेंटिव व्यवस्था दोनों को समझने, इनका आंकलन करने और इनमें सुधार के प्रयास कर रहे हैं।
चूंकि उबर एक दो-तरफा बाज़ार है, हमें यात्रियों और ड्राइवरों की ज़रूरत के बीच संतुलन बनाना होगा। उबर में हम नए शहरों में सेवा शुरु करने के लिए इन्सेंटिव और प्रमोशन पेश करते हैं। ऐसा किये बिना, ड्राइवरों को उनके वक्त के लिए पर्याप्त भुगतान सुनिश्चित करना मुश्किल हो जाएगा, क्योंकि नई शुरुआत के वक्त कम यात्रियों को हमारी सेवा की जानकारी रहती है। जब अधिक यात्री उबर का इस्तेमाल करने लगते हैं, तो ड्राइवर भी व्यस्त होने लगते हैं और अधिक पैसे कमाते हैं। इससे अधिक ड्राइवर उबर की तरफ आकर्षित होते हैं और यात्रियों को तेज़ी से पिकअप करने में मदद मिलती है। साथ ही धीरे-धीरे कुछ समय बाद हमें इन्सेंटिव को नियमित बनाने की सुविधा मिलती है।
लगातार यात्रियों और ड्राइवरों की ओर से अधिक मांग होने के कारण हम शुरुआती व्यवसाय की स्थिति से एक अधिक स्थायी व्यवसाय मॉडल अपना सकते हैं। इसके बाद हम अधिक राशि वाले इन्सेंटिव घटाने की शुरुआत करते हैं और लंबे वक्त के लिए ड्राइवरों और अपने उत्पादों में अधिक निवेश करते हैं।
कैसे कमा सकते हैं ज्यादा?
ऐसा करने वाले कमाते हैं कम
· कम समय के लिए गाड़ी चलाना
· काफी अधिक मांग वाले समय के बाहर गाड़ी चलाना
· अपने शहर के कुछ खास इलाकों में ही गाड़ी चलाना
· अधिक बार यात्राएं अस्वीकार करना
ऐसा करके कमा सकते हैं ज्यादा
· सबसे अधिक मांग वाले समय में गाड़ी चलाने को प्राथमिकता
· पूरे शहर में गाड़ी चलाना
· आने वाली यात्रा के आग्रह को पूरी तरह स्वीकार करना