बहोंडा मोटरसाइकिल एंड स्कूटर इंडिया ने 20 लाख इकाइयों के कुल निर्यात का आंकड़ा पार कर लिया है। करीब 17 साल पहले इसने निर्यात शुरू किया था। कंपनी ने 2001 में एक्टिवा से निर्यात शुरू किया था और पहले 10 लाख इकाइयों के निर्यात के आंकड़े के पार करने में 14 साल लगे। उसके बाद अगली दस लाख इकाइयों का निर्यात सिर्फ तीन साल में हासिल हो गया।
एचएमएसआई के वरिष्ठ उपाध्यक्ष बिक्री एवं विपणन यादविंदर सिंह गुलेरिया ने कहा, ‘‘हमारी नए मॉडल पेश करने, नए बाजारों में उतरने और मौजूदा बाजारों में स्थिति और बेहतर करने की त्रिस्तरीय रणनीति की वजह से हम यह उपलब्धि हासिल कर पाए हैं।’’
उन्होंने कहा कि भविष्य काफी रोमांचक है क्योंकि प्रदूषण नियंत्रण मानक ‘भारत चरण -छह’’ 2020 से लागू होने जा रहा है। इससे कंपनी के लिए नए बाजारों में अवसर पैदा होंगे।
हाल ही में, भारत का सबसे छोटा स्कूटर होंडा नवी साल 2016 के आॅटो एक्सपो में लांच हुआ था। इस मिनी स्कूटर ने हाल ही में अपनी एक लाख यूनिट्स सेल का आंकड़ा पार किया है। 1 लाख का आंकड़ा पार करने में होंडा को 2 साल 6 महीने का समय लगा।होंडा मोटरसाइकिल और स्कूटर इंडिया का यह पहला स्कूटर है जो पूर्ण रूप से भारत में बना है।
होंडा मोटरसाइकिल और स्कूटर इंडिया की तरफ से जारी बयान के अनुसार नवी स्कूटर को अब दो नयी मार्केट डोमिनिकन गणराज्य और कोस्टा रिका में उतारा जायेगा। फिलहाल इस मिनी स्कूटर को 10 देशों में निर्यात किया जा रहा है। जहां से इसे काफी अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है।
होंडा मोटरसाइकिल और स्कूटर इंडिया के वरिष्ठ उपाध्यक्ष यदविंदर सिंह गुलरिया ने नवी की इस सफलता पर कहा कि युवाओं में नवी स्कूटर एक ट्रेंड बन गया है। इसके लुक्स और डिजाइन ने सबको मोहित कर रखा है और वह इसकी राइड का जमकर मजा उठा रहें हैं। भारत में ही नहीं बल्कि दुनिया में भी इसे काफी पसंद किया जा रहा है।