Budh Gochar 2025: ज्योतिष में बुध ग्रह की बहुत अधिक भूमिका होती है। बुध को ग्रहों में राजकुमार का दर्जा प्राप्त है। बुध ग्रह बुद्धि, वाणी, व्यापार, और तर्क क्षमता के कारक होते हैं। जिन जातकों की कुंडली में बुध शुभ भाव और अच्छी स्थिति में होते हैं उनकी बुद्धि बहुत ही तीव्र होती है। आपको बता दें बुध अपरा एकादशी के दिन मंगल की राशि मेष से निकलकर वृषभ राशि में गोचर करने वाले हैं। बुध ऐसे ग्रह हैं जो जल्दी-जल्दी राशि बदलते हैं। बुध-सूर्य की युति से बना बुधादित्य राजयोग बहुत ही शुभ माना जाता है। अगर किसी जातक की जन्म कुंडली में बुध सकारात्मक स्थिति में है तो जातक की सेहत अच्छी रहती है और ये ऐसे लोग धन और वाणी से समृद्धिशाली होते हैं। बुध ग्रह जातकों को बुद्धिमान और विश्लेषणात्मक प्रकृति का बनाता है। बुध के वृषभ राशि में गोचर करने से सिंह राशि के जातकों पर किस तरह का प्रभाव पड़ेगा आइए जानते हैं।
सिंह राशि पर बुध का प्रभाव
सिंह राशि के जातकों के लिए बुध ग्रह दूसरे और ग्यारहवें भाव का स्वामी होते हैं। ये दोनों ही भावों का संबंध धन और वित्त से होता है। 23 मई को बुध का गोचर वृषभ राशि में होने से यह आपके कर्म भाव यानी दशम में होगा। कुंडली का दशम भाव करियर, प्रतिष्ठा, मान-सम्मान और महत्वाकांक्षाओं का कारक माना जाता है। बुध दशम भाव में बैठकर यह आपको लाभ दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। करियर में अच्छी ग्रोथ और सराहना मिलेगी। करियर में आगे बढ़ने के अवसर मिलेंगे। जो लोग शादीशुदा है उनके लिए बुध का गोचर अच्छा रहेगा। वहीं संतान की तरफ से कोई शुभ सूचना सुनने को मिल सकती है।
बुध का कुंडली पर प्रभाव
ज्योतिष शास्त्र में बुध को ग्रहों का राजकुमार कहा जाता है। कुंडली में उनकी स्थिति व्यक्ति के जीवन पर विशेष प्रभाव डालती हैं। यदि बुध जन्म कुंडली में लग्न भाव में हो, तो जातक संवाद में कुशल बनता है। इतना ही नहीं बुध के प्रभाव से व्यक्ति का व्यक्तित्व भी बढ़ता है और वह शारीरिक रूप से सुंदर बनता है। यदि किसी व्यक्ति की जन्म कुंडली में बुध कमजोर होता है, तो वह अक्सर बीमारियों से घिरा रहता है। इसके अलावा जातक पाचन शक्ति कमजोर, पेट दर्द और बालों की समस्याएं भी झेलता है। वहीं कुंडली में बुध की स्थिति सही न होने पर संवाद में दिक्कतें आने लगती है, जिस कारण रिश्तों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। इसके साथ ही व्यापार में असफलता, नौकरी में तनाव और शिक्षा के क्षेत्र में बार-बार असफलताएं मिलने लगती हैं।