मूलांक व्यक्ति के जन्म की तारीख का योग होता है अर्थात् जिस तारीख को आपका जन्म हुआ होगा, उस तारीख का योग ही आपका मूलांक कहलाता है। अगर आपका जन्म 1 से 9 तारीख के बीच हुआ है तो आपका मूलांक यही होगा। वही अगर 10 से 31 के बीच किसी तारीख को आपका जन्म हुआ है तो इन दोनों अंको का योग ही आपका मूलांक कहलाता है। जैसे यदि आपका जन्म 24 तारीख को हुआ है तो मूलांक 6 होगा।
स्वभाव
इस मूलांक से प्रभावित जातक दयालु, विनम्र, उदार एवं बुद्धिमान होते हैं। विनम्रता एवं स्वभाव की उदारता प्राय: लक्ष्य प्राप्ति में विलंब कराती है। जीवन के 32 वें वर्ष में लक्ष्य प्राप्ति में सफल रहते हैं। दाम्पत्य जीवन सामान्य स्तर का व्यतीत होता है। आर्थिक स्थिति अनुकूल रहती है। दूसरों के मन की बात जान लेने का गुण जन्मजात होता है। जीवन का उत्तरकाल सुखमय व्यतीत होता है।
इस वर्ष में मिलने वाली सफलताएं
इस वर्ष प्रत्येक कार्य में अवरोध अवश्य आएंगे। विश्वासपात्रों से निराशा होगी। स्वश्रम से उन्नति के अवसर मिलेंगे। समाज में सम्मान बढ़ेगा। आर्थिक क्षेत्र में उन्नति होगी। मकान या प्लाट का क्रय होगा। विदेश यात्रा का अवसर मिल सकता है। शादी विवाह एवं संतान सुख की दृष्टि से वर्ष अनुकूल रहेगा। रोजगारपरक परीक्षाओं में सफलता एवं रेलवे, इंजीनियरिंग, एवीएशन, माईनिंग, शिक्षा, पुरातत्व विभाग आदि क्षेत्रों में करियर बनाने में सफलता मिलेगी। व्यावसायिक लाभ एवं विस्तार से मन प्रसन्न रहेगा। इस वर्ष किसी नए व्यवसाय का प्रारंभ हो सकता है। सरकारी या अर्ध सरकारी क्षेत्र में सेवारत जातकों को प्रमोशन या अनुकूल स्थानन्तरण का लाभ मिलेगा। स्वास्थ्य उत्तम रहेगा