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World: ऑस्ट्रेलियाई स्टील और एल्युमीनियम पर टैरिफ छूट दे सकते हैं ट्रंप; सोमालियाई समुद्री डाकुओं ने नाव चुराई

Tue, 11 Feb 2025 09:30 AM IST
ज्योति भास्कर वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
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दुनिया की बड़ी खबरें - फोटो : amar ujala graphics
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अमेरिकी राज्य इलिनोइस के पूर्व गवर्नर रॉड ब्लागोजेविच को क्षमादान मिल सकता है। एक रिपोर्ट के मुताबिक राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने पहले कार्यकाल के दौरान ब्लागोजेविच की 14 साल की सजा कम कर चुके हैं। नाम न छापने की शर्त पर एक अधिकारी ने बताया कि ट्रंप ने क्षमादान पर हस्ताक्षर करने की योजना बनाई है। बता दें कि डेमोक्रेट खेमे के गवर्नर ब्लागोजेविच को 2011 में राजनीतिक भ्रष्टाचार के आरोपों में दोषी ठहराया गया और 14 साल की सजा सुनाई गई। ट्रंप के पहले कार्यकाल में मिली राहत से पहले उन्होंने आठ साल जेल में काटे। ब्लागोजेविच ट्रंप के रियलिटी टीवी शो, 'सेलिब्रिटी अप्रेंटिस' से सुर्खियों में आए थे।
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USAID पर ट्रंप का फैसला 'लापरवाही'; खतरे में लाखों लोगों की जान
अमेरिकी सरकार की मुख्य अंतरराष्ट्रीय मानवीय और विकास शाखा- USAID को मिलने वाली आर्थिक मदद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के कार्यकाल में बंद कर दी गई है। इस फैसले की चौतरफा निंदा हो रही है। ताजा घटनाक्रम में वेटिकन सिटी की चैरिटी ने ट्रंप की इस योजना को 'लापरवाही' भरा बताया और कहा कि फंडिंग रोके जाने के कारण लाखों लोग मारे जा सकते हैं। चेक गणराज्य मूल के कनाडाई जेसुइट और पोप फ्रांसिस के सलाहकार कार्डिनल माइकल चेर्नी ने कहा कि ट्रंप प्रशासन को 'दूसरों की देखभाल' का ईसाई सिद्धांत याद रखना चाहिए। दुनियाभर में गरीबी उन्मूलन के खिलाफ काम करने वाली संस्था- कैरिटास ने भी सोमवार को चेतावनी भरे लहजे में कहा, यूएसएआईडी फंडिंग को 'लापरवाही से' रोकने के 'क्रूर' अमेरिकी फैसले के कारण लाखों लोगों की मौत हो सकती है। करोड़ों लोग अमानवीयता और गरीबी के दलदल में फंस सकते हैं।

जेडी वेंस - फोटो : fb/JD-Vance
जेडी वेंस का बतौर उपराष्ट्रपति पहला अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम, पेरिस एआई शिखर सम्मेलन बना मंच
अमेरिका में सत्ता परवर्तन के बाद जेडी वेंस उपराष्ट्रपति बने हैं। शपथ ग्रहण के 20 दिन बाद पहली बार वे अंतरराष्ट्रीय मंच पर दिखे। वेंस पेरिस में आयोजित उच्च स्तरीय एआई शिखर सम्मेलन में भाग लेने पहुंचे। मंगलवार को वेंस प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन से अलग-अलग मुलाकात कर सकते हैं। इसके अलावा उन्होंने म्यूनिख में आयोजित सुरक्षा सम्मेलन में भी भाग लिया। म्यूनिख में वेंस ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की कूटनीति के नए और आक्रामक दृष्टिकोण को रेखांकित किया।

ट्रंप प्रशासन ने अदालती आदेश को ठेंगा दिखाया, सरकार की दलील खारिज
अमेरिका में डोनाल्ड ट्रंप के कार्यकारी आदेश पर रोक लगाने वाले जज ने पाया है कि अदालत के आदेश का पूर्ण अनुपालन नहीं किया गया है। मामला संघीय अनुदान रोकने से जुड़ा है। ट्रंप ने सरकार की तरफ से दिए जाने वाले फंड को रोकने का फरमान जारी किया था, जिसे संघीय न्यायाधीश ने गलत मानते हुए तत्काल रोक लगाने का आदेश दिया था। समाचार एजेंसी एपी की रिपोर्ट के मुताबिक जिला न्यायाधीश जॉन मैककोनेल ने कहा है कि ट्रंप प्रशासन ने 'फंडिंग फ्रीज' मामले में आदेश का पूरी तरह से पालन नहीं किया है, व्हाइट हाउस को संबंधित फंड जारी करना चाहिए। बता दें कि चार साल बाद सत्ता में लौटे ट्रंप के नेतृत्व वाले रिपब्लिकन प्रशासन ने 'संघीय खर्च रोकने' को राष्ट्रपति ट्रंप के एजेंडे में शामिल प्रमुख मुद्दों में जरूरी बताया है। हालांकि, ट्रंप के इस विवादास्पद कार्यकारी आदेश के खिलाफ लगभग दो दर्जन राज्यों ने अलग-अलग अदालतों में मुकदमा भी दायर किया है। व्हाइट हाउस ने अदालत की टिप्पणी के बाद कहा कि सरकार न्यायाधीश के फैसले का पालन करने का सद्भावनापूर्ण प्रयास कर रही है। न्याय विभाग ने तर्क दिया कि न्यायाधीश मैककोनेल का फैसला उन व्यय रोकों पर लागू नहीं होता, जिसमें राष्ट्रपति जो बाइडन के हस्ताक्षर वाले जलवायु, स्वास्थ्य देखभाल और टैक्स पैकेज शामिल हैं। जिसे जस्टिस मैककोनेल ने खारिज कर दिया। वाशिंगटन में एक अन्य संघीय न्यायाधीश ने भी ट्रंप के फैसले पर अस्थायी रोक लगाई है। अदालत ने इस बात पर चिंता व्यक्त की है कि गैर-लाभकारी समूहों को सरकार की तरफ से जरूरी आर्थिक मदद नहीं मिल रही है।

जलवायु परिवर्तन पर योजनाओं की उम्मीद, लेकिन ज्यादातर देश नहीं दे पाए समय सीमा तक
संयुक्त राष्ट्र के जलवायु प्रमुख ने सोमवार की समय सीमा के तहत करीब 200 देशों से अपनी योजनाएं दाखिल करने को कहा था कि वे किस तरह से ऊष्मा-अवरोधक गैसों के उत्सर्जन में कटौती करेंगे। यह दस्तावेज़ इस सदी में सरकारों द्वारा तैयार किए जाने वाले सबसे महत्वपूर्ण नीति दस्तावेजों में से एक माना गया है। हालांकि, अधिकांश देश समय सीमा तक अपनी योजनाएँ जमा नहीं कर पाएंगे। संयुक्त राष्ट्र ने कहा कि जब तक वे इस पर काम कर रहे हैं, तब तक कोई समस्या नहीं है।

बता दें कि अब तक 2015 के पेरिस जलवायु समझौते पर हस्ताक्षर करने वाले 195 देशों में से केवल एक दर्जन देशों ने 2035 तक उत्सर्जन में कटौती के लिए अपनी योजनाएँ प्रस्तुत की हैं। इन देशों का कार्बन डाइऑक्साइड उत्सर्जन दुनिया के कुल उत्सर्जन का केवल 16.2 प्रतिशत है, और इसका अधिकांश हिस्सा संयुक्त राज्य अमेरिका से है। वहाँ, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने राष्ट्रपति जो बिडेन की योजना को खारिज कर दिया था।

सलमान रुश्दी पर हमले के मामले में हादी मटर का मुकदमा शुरू
सलमान रुश्दी पर हमले के मामले में हादी मटर का मुकदमा शुरू हो गया है। सोमवार को अभियोजक ने बताया कि हमला इतना तेज और अचानक हुआ कि रुश्दी और उनके साथी वक्ता हेनरी रीज़ पहले तो समझ ही नहीं पाए कि क्या हो रहा है। रुश्दी को अगस्त 2022 में न्यूयॉर्क के चौटाउक्वा इंस्टीट्यूशन में एक व्याख्यान देने से पहले चाकू मारा गया था, जिसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गए थे और एक आंख से अंधे हो गए थे।

अभियोजक जेसन ने दी जानकारी
अभियोजक जेसन श्मिट ने बताया कि मटर ने मंच पर चढ़कर रुश्दी पर लगभग 30 फीट दौड़ लगाई और उन पर बार-बार चाकू से वार किया। श्मिट ने कहा, "यह सब इतनी तेजी से हुआ कि हमले के शिकार व्यक्ति, श्री रुश्दी और उनके बगल में बैठे व्यक्ति, श्री रीज़ को भी यह एहसास नहीं हुआ कि क्या हो रहा है।"

रुश्दी को हादी मटर के मुकदमे के दौरान गवाही देने की उम्मीद है, जो हमले के बाद पहली बार दोनों को आमने-सामने लाएगा। मटर पर दूसरे डिग्री के हत्या के प्रयास और दूसरे डिग्री के हमले का आरोप है। यदि दोषी ठहराया जाता है, तो उसे 25 साल तक की जेल हो सकती है।

संरा ने यमन के हुती विद्रोहियों के गढ़ में मानवीय सहायता स्थगित किया
संयुक्त राष्ट्र के आठ और कर्मचारियों को बंधक बनाए जाने के बाद वैश्विक संस्था ने यमन के हुती विद्रोहियों के गढ़ में मानवीय सहायता अभियान स्थगित कर दिया है। संयुक्त राष्ट्र ने यह जानकारी दी।

यूएन ने जारी किया बयान
संयुक्त राष्ट्र ने सोमवार को एक बयान में कहा कि उत्तरी सादा प्रांत में सभी मानवीय सहायता अभियानों और कार्यक्रमों को रोकने का असाधारण निर्णय ‘आवश्यक सुरक्षा शर्तों और गारंटी’ की कमी के कारण लिया गया था। बता दें कि हाल के महीनों में विद्रोहियों ने संयुक्त राष्ट्र के कई कर्मचारियों के साथ ही सहायता समूहों, नागरिक समाज संस्थाओं और यमन की राजधानी सना में अमेरिकी दूतावास से जुड़े व्यक्तियों को भी बंधक बना लिया है।

मोदी, ट्रंप मुलाकात पूर्व घृणा भाषणों की रिपोर्ट
पीएम नरेंद्र मोदी की अमेरिका यात्रा से पहले वाशिंगटन स्थित अनुसंधान समूह इंडिया हेट लैब की रिपोर्ट के अनुसार, भारत में 2024 में अल्पसंख्यकों, विशेष रूप से मुस्लिम समुदाय के खिलाफ घृणास्पद भाषणों में 74% की वृद्धि दर्ज की गई है। यह वृद्धि विशेष रूप से आम चुनावों के दौरान देखी गई। 2024 में नफरती भाषण की 1,165 घटनाएं दर्ज की गईं, जबकि 2023 में यह संख्या 668 थी।

म्यांमार में शांति के लिए श्री श्री का सत्र
म्यांमार की राजधानी में गुरुदेव श्री श्री रविशंकर के ध्यान सत्र में म्यांमार के कैबिनेट सदस्यों सहित 1,500 से अधिक लोग एकत्र हुए। म्यांमार सरकार ने उन्हें इस सत्र के लिए आमंत्रित किया, जिसे आर्ट ऑफ लिविंग ने स्वीकारा और यंगून में भारतीय दूतावास से मिली मंजूरी के बाद इसे आयोजित किया गया। श्री श्री के इस सत्र में 1500 से अधिक लोग नेशनल थिएटर पहुंचे।

यूक्रेन युद्ध खत्म कराने के लिए रूस से वार्ता में हो रही प्रगति
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि यूक्रेन युद्ध खत्म कराने के लिए अमेरिका की रूस से वार्ता में प्रगति हुई है। हालांकि, उन्होंने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ इस मुद्दे पर हुई किसी भी वार्ता का ब्योरा देने से इन्कार कर दिया। ट्रंप ने संकेत दिया कि वह व पुतिन संपर्क में थे। यह 2022 की शुरुआत के बाद से पुतिन और किसी अमेरिकी राष्ट्रपति के बीच पहली आधिकारिक रूप से स्वीकार की गई वार्ता होगी। यह पूछे जाने पर कि क्या 20 जनवरी को राष्ट्रपति बनने के बाद या उससे पहले पुतिन के साथ उनकी बातचीत हुई है, ट्रंप ने कहा- मैंने बात की है। चलिए बस इतना कह सकता हूं कि मैंने बात की है...और मुझे उम्मीद है कि आगे भी बातचीत होंगी। हमें युद्ध को समाप्त करना होगा।

ट्रंप ने दोहराई गाजा पर कब्जे की योजना; नेतन्याहू पर युद्धविराम विस्तार का दबाव
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अब भी अपने उस रुख पर कायम हैं कि अमेरिका फलस्तीनी क्षेत्र पर कब्जा करेगा। उन्होंने सोमवार को गाजा पट्टी पर नियंत्रण का अपना संकल्प स्पष्ट रूप से दोहराया है। जबकि हमास द्वारा बंधक बनाए लोगों की दयनीय हालत सामने आने के बाद इस्राइली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू पर गाजा से हुआ युद्धविराम आगे बढ़ाने का दबाव बढ़ गया है। इस बीच, ट्रंप ने गाजा पट्टी पर नियंत्रण करने की प्रतिज्ञा दोहराते हुए कहा, मैं गाजा को खरीदने और उस पर स्वामित्व के लिए प्रतिबद्ध हूं। ट्रंप ने कहा, गाजा पुनर्निर्माण में अरब देश फलस्तीनियों को लेने पर सहमत होंगे।

पश्चिमी टेक्सास काउंटी में खसरे के पंद्रह मामले सामने आए
अमेरिका के पश्चिमी टेक्सास में खसरे के 15 मामले सामने आए हैं। अधिकांश स्कूली बच्चे हैं। इस राज्य में टीकाकरण को लेकर बड़े पैमाने पर छूट दी जाती है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी जैक होलब्रूक्स ने बताया कि विभाग को जनवरी के अंत में गेन्स काउंटी में पहले दो मामलों की जानकारी मिली। अब कुछ मामले जिले के निजी धार्मिक स्कूलों से जुड़े हैं। जिनकी जांच की जा रही है। जोखिम वाली जगहों और उन मामलों की पृष्ठभूमि की जांच की जा रही है। बता दें कि 2024 में भी अमेरिका में खसरे के मामलों में वृद्धि देखी गई थी। शिकागो समेत कई शहरों में 60 से अधिक लोग बीमार हो गए थे। यह भी दिलचस्प है कि टेक्सास का कानून बच्चों को धार्मिक विश्वास और अपने विवेक के आधार पर स्कूल में टीकाकरण से छूट पाने की अनुमति देता है। स्थानीय सरकार के अनुसार, छूट पाने वाले बच्चों का प्रतिशत 2014 में केवल .76% था। अब पिछले साल ये आंकड़ा बढ़कर 2.32% हो गया है।

अमेरिकी कोर्ट ने बीमा कंपनियों के खिलाफ फैसला सुनाया
माउई जंगल की आग के मामले में अमेरिका के हवाई की एक कोर्ट ने बीमा कंपनियों के खिलाफ फैसला सुनाया। अब 4 बिलियन डॉलर (भारतीय करेंसी में 3.50 खरब रुपये से अधिक) के इस मामले का निपटारा करने का रास्ता साफ हो गया है। हवाई के सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को फैसला सुनाया कि 2023 के जंगल की आग के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई नहीं की जा सकती। बता दें कि अमेरिका में बीते एक सदी से भी अधिक समय में यह सबसे खतरनाक आग मानी गई। ऐतिहासिक शहर लाहिना को तबाह करने वाले इस अग्निकांड में 100 से अधिक लोग मारे गए थे। पिछले साल गर्मियों में समझौते की घोषणा की गई थी। हालांकि, बीमा कंपनियों ने इस पर जोर देते हुए कहा कि पॉलिसीधारकों को भुगतान की गई धनराशि वापस पाने के लिए उन्हें प्रतिवादियों से अलग से संपर्क करने और कानूनी कार्रवाई का अधिकार होना चाहिए। सोमवार के इस फैसले के बाद समझौते को लागू करने का रास्ता साफ हो गया है। माउई न्यायाधीश अब आगे की कार्रवाई पर फैसला करेंगे।

संदिग्ध सोमाली समुद्री डाकुओं ने हॉर्न ऑफ अफ्रीका के पास नाव जब्त की

सोमवार देर रात संदिग्ध सोमाली समुद्री डाकुओं ने हॉर्न ऑफ अफ्रीका के पास यमन की एक मछली पकड़ने वाली नाव जब्त की है। मध्यपूर्व में एक यूरोपीय नौसैनिक अभियान ने बताया कि घटना की जांच जारी है। रिपोर्ट्स के अनुसार, समुद्री डाकुओं ने  हमला सोमालिया के ईल शहर के पास एक पारंपरिक नौका पर किया। समुद्री सुरक्षा फर्म एम्ब्रे ने दावा किया है कि हमले में संदिग्धों ने 60-हॉर्सपावर इंजन से लैस तीन छोटी नावों को चुराया। 

ऑस्ट्रेलियाई स्टील और एल्युमीनियम पर टैरिफ छूट दे सकते हैं ट्रंप

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि वे ऑस्ट्रेलिया से आने वाले स्टील और एल्युमीनियन पर टैरिफ छूट देने पर विचार कर रहे हैं। दरअसल ट्रंप ने स्टील और एल्युमीनियम पर 25 प्रतिशत टैरिफ लगाने का एलान किया है। ट्रंप ने मंगलवार को ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री के साथ टेलीफोन पर बात की, जिसके बाद उन्होंने ऑस्ट्रेलियाई स्टील और एल्युमीनियम आयात पर टैरिफ छूट देने की बात कही। ट्रंप ने कहा कि ऑस्ट्रेलिया के साथ अमेरिका का व्यापार सरप्लस में है। यही वजह है कि वे ऑस्ट्रेलिया को छूट देने पर विचार कर रहे हैं। गौरतलब है कि अपने पहले कार्यकाल में भी ट्रंप ने ऑस्ट्रेलिया को छूट दी थी। 

अमेरिका: रुश्दी ने हमले के आरोपी के खिलाफ कोर्ट में दी गवाही
लेखक सलमान रुश्दी ने मंगलवार को न्यूयॉर्क की कोर्ट में पेश हुए। रुश्दी ने उस व्यक्ति के खिलाफ गवाही दी, जिसने 202 में उन्हें मंच पर चाकू से हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया था। 27 वर्षीय हदी मटर पर उनकी हत्या की कोशिश और उन पर हमले का आरोप है। अगस्त 2022 में रुश्दी पर उस समय कई बार चाकू मारकर हमला किया गया, जब वे एक मंच पर भाषण दे रहे थे।  इस हमले के बाद रुश्दी की एक आंख की रोशनी चली गई और उन्हें महीनों तक इलाज करवाना पड़ा। हमले के दौरान एक अन्य वक्ता भी घायल हुआ था। बाद में वहां मौजूद लोगों ने हमलावर को पकड़ लिया था। तबसे वह हिरासत में है। 
 
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दुनिया में सबसे ज्यादा एआई का इस्तेमाल भारतीय कर रहे : माइक्रोसॉफ्ट सर्वे रिपोर्ट
पूरी दुनिया में सबसे ज्यादा कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) का इस्तेमाल भारत में किया जा रहा है, जो वैश्विक औसत का दोगुना है। इसका खुलासा माइक्रोसॉफ्ट की 'ग्लोबल ऑनलाइन सेफ्टी सर्वे की रिपोर्ट' में हुआ है।

मंगलवार को जारी रिपोर्ट के मुताबिक सर्वे में शामिल 65 प्रतिशत भारतीयों ने एआई के इस्तेमाल की बात स्वीकार की। खास बात यह है कि सबसे ज्यादा एआई का इस्तेमाल अनुवाद करने में होता है। इसके बाद किसी सवाल का जवाब ढूंढने और अन्य जानकारियों के लिए किया जाता है। इसके अलावा स्कूली छात्र भी पढ़ाई में मदद लेने के लिए एआई का सहारा ले रहे हैं। इस सर्वे में 13 से 17 साल की उम्र के 15,000 किशोरों और वयस्कों को शामिल किया गया। 

सर्वे 19 जुलाई से 9 अगस्त, 2024 के बीच 15 देशों में किया गया था। रिपोर्ट के अनुसार 2023 के मुकाबले 2024 में एआई के इस्तेमाल में 26 प्रतिशत का इजाफा हुआ है। रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत में एआई के इस्तेमाल को लेकर युवा काफी उत्साहित हैं। यहां पर 25 से 44 साल की उम्र के लोग एआई का इस्तेमाल करने में सबसे आगे हैं। 25 से 44 साल की उम्र के लोगों की संख्या से 84 प्रतिशत है।
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