पाकिस्तान में ईशनिंदा सामग्री पर चार को मृत्युदंड
पाकिस्तान की एक अदालत ने फेसबुक पर ईशनिंदा सामग्री अपलोड करने पर चार लोगों को मौत की सजा तथा 80 साल की कैद की सजा सुनाई है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश मोहम्मद वित तारिक अयूब ने चार संदिग्धों वाजिद अली, अहफाक अली साकिब, राणा उस्मान और दान सुलेमान साजिद को पैगंबर साहब के साथियों व उनकी पत्नियों का अपमान करने के लिए दोषी ठहेसया। अदालत के अधिकारी ने कहा, दोषियों ने चार अलग-अलग आईडी से फेसबुक पर ईशनिंदा संबंधी सामग्री अपलोड की।
अधिकारी ने कहा, न्यायाधीश ने अभियोजन और बचाव दोनों की दलीलें सुनने के बाद उनमें से प्रत्येक को अलग-अलग मामलों में मौत की सजा और 80 साल की कैद की सजा सुनाई। उन पर 52 लाख पीकेआर का जुर्माना भी लगाया गया। संघीय जांच एजेंसी ने शिराज फारूकी की शिकायत पर यह मामला दर्ज किया है।
भारतवंशी कुश व्हाइट हाउस के उप प्रेस सचिव
व्हाइट हाउस ने यह घोषणा की है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारतवंशी पूर्व पत्रकार कुश देसाई को अपना उप प्रेस सचिव नियुक्त किया है। देसाई इससे पहले ‘रिपब्लिकन नेशनल कन्वेंशन-2024’ के लिए उप संचार निदेशक रह चुके हैं। बता दें कि ट्रंप ने दूसरी पारी में भारतवंशियों पर अटूट भरोसा जताया है।
सिंध हाईकोर्ट में बोले चीनी निवेशक-पाकिस्तानी पुलिस कर रही हमारा उत्पीड़न
पाकिस्तान हमेशा चीन को अपना अभिन्न मित्र मानता है लेकिन चीनी नागरिकों के साथ वहां कैसा बर्ताव होता है इसकी गवाही बाकायदा कराची के सिंध हाईकोर्ट में हुई। पाकिस्तान में चीनी निवेशकों ने स्थानीय पुलिस द्वारा कथित उत्पीड़न और जबरन वसूली के खिलाफ सिंध हाईकोर्ट में याचिका दायर कर पुलिस पर हवाई अड्डे से लेकर उनके घरों तक रिश्वत मांगने और उनके दैनिक कार्यों में बाधा उत्पन्न करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, पाकिस्तानी पुलिस अच्छी नहीं है।
उन्होंने पाकिस्ताी गृह मंत्रालय, सिंध प्रांत के मुख्य सचिव, राज्य के पुलिस के महानिरीक्षक, चीनी वाणिज्य दूतावास और कुछ अन्य लोगों को भी अपनी चिंताएं बताईं। शिकायतकर्ताओं के अनुसार, उन्हें प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ सहित पाकिस्तान के शीर्ष नेतृत्व द्वारा देश में निवेश करने के लिए आमंत्रित किया गया था, लेकिन देश में उन्हें लगातार उत्पीड़न का सामना करना पड़ रहा है।