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Oscar 2023: पुतिन के सबसे बड़े आलोचक पर बनी फिल्म को मिला 'ऑस्कर', पत्नी ने मंच से सबको कर दिया भावुक

Mon, 13 Mar 2023 12:24 PM IST
हिमांशु मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

ऑस्कर मिलने के बाद नवलिनी की पत्नी यूलिया ने कहा कि उनके पति को सिर्फ इसलिए जेल में रखा गया है क्योंकि उन्होंने सच बोला था। उनके पति को लोकतंत्र बचाने की सजा मिल रही है। यूलिया ने अपने पति को मजबूत रहने के लिए कहा और उम्मीद जताई कि एक दिन वह जरूर बाहर आएंगे। 
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यूलिया नवलानया - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के सबसे बड़े आलोचक एलेक्सी नवलिनी पर बनी डॉक्यूमेंट्री फिल्म को ऑस्कर 2023 का बेस्ट डॉक्यूमेंट्री का अवॉर्ड मिला है। इस दौरान नवलिनी की पत्नी यूलिया नवलानया ने ऑस्कर के मंच से एक भावुक भाषण भी दिया। ये सुनकर समारोह में शामिल सभी लोग भावुक हो गए। 
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ऑस्कर मिलने के बाद नवलिनी की पत्नी यूलिया ने कहा कि उनके पति को सिर्फ इसलिए जेल में रखा गया है क्योंकि उन्होंने सच बोला था। उनके पति को लोकतंत्र बचाने की सजा मिल रही है। यूलिया ने अपने पति को मजबूत रहने के लिए कहा और उम्मीद जताई कि एक दिन वह जरूर बाहर आएंगे। 

नवलिनी को जहर देने के लिए पुतिन ने बनाई थी टीम 
46 साल के नवलिनी दावा करते हैं कि उनके पास राष्ट्रपति पुतिन के भ्रष्टाचार और सारे काले कारनामों के सबूत हैं। पिछले दो साल से पुतिन ने उन्हें जेल में डाल रखा है। नवलिनी पेशे से वकील हैं और रूसी सरकार के भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़े पैमाने पर अभियान चलाते रहे हैं। नवलिनी रूस की विपक्ष सहयोग परिषद के सदस्य हैं और रशिया ऑफ द फ्यूचर पार्टी के नेता हैं। साल 2021 तक यू-ट्यूब पर उनके चैनल के छह मिलियन से ज्यादा सब्रस्क्राइबर्स थे।
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उन्हें रूस के अगले राष्ट्रपति के तौर पर देखा जाता है। साल 2018 में उन्होंने राष्ट्रपति का चुनाव भी लड़ा था। डॉक्यूमेंट्री में ये दावा किया गया है कि पुतिन ने रूस में नवलिनी के नाम तक को बैन कर दिया। यहां तक की उन्हें जहर देकर मारने के लिए एक टीम भी बनाई थी। 

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, साल अगस्त 2020 में तो नवलिनी को सर्बिया में सबसे खतरनाक जहर नोविचोक दिया गया था, जिससे वह कोमा में चले गए थे। इलाज के लिए उनकी टीम उन्हें जर्मनी लेकर गई। यहां से उन्हें रूस वापस भेज दिया गया था। 17 जनवरी 2021 को जैसे ही वह मॉस्को लौटे राष्ट्रपति पुतिन के आदेश पर उन्हें तुरंत ही गिरफ्तार कर लिया गया।
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