कोरोना को लेकर भले ही डब्ल्यूएचओ ने चीन को क्लीन चिट दे दी हो, लेकिन दुनिया भर से वैज्ञानिकों के एक समूह ने इसकी उत्पत्ति की जांच करने की मांग की है। यूरोप, अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और जापान के 24 वैज्ञानिकों ने एक खुला पत्र लिखकर व्यापक जांच को पूरा करने के लिए उठाए गए कदमों का विश्लेषण किया गया है।
वैज्ञानिकों ने कहा, सर्वश्रेष्ठ संसाधनों की मदद से वायरस की उत्पत्ति का पता लगाने का मकसद किसी एक देश को दोषी ठहराना नहीं है। कैसे इस आपदा की शुरुआत हुई यह पता लगाना इसका उद्देश्य है ताकि हम सभी देशों और लोगों के फायदे के लिए अपनी प्राथमिकताएं तय कर अपनी कमियों को दूर कर सकें।
इसलिए वायरस की उत्पत्ति को लेकर हम कोई कसर नहीं छोड़ना चाहते। डब्ल्यूएचओ की रिपोर्ट की उस रिपोर्ट की आलोचना की गई है जिसमें संवेदनशील रिकॉर्ड एवं जैविक नमूनों जिनसे महामारी की उत्पत्ति के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है वह पहुंच से बाहर हैं।