अमेरिका में एक सुनहरे बालों वाली काल्पनिक महिला के चार महीने से भी कम समय में सोशल मीडिया पर 10 लाख से भी अधिक फोलोअर्स बन गए। महिला को एक सैनिक के रूप में पेश किया गया था। इससे पहले कि इसका खाता हटा दिया गया, इसने 'मेक अमेरिका ग्रेट अगेन' (एमएजीए) आंदोलन के समर्थकों को बड़ी संख्या में गुमराह किया।
जेसिका फोस्टर कौन है?
जेसिका फोस्टर नाम का यह सोशल मीडिया किरदार लगभग पूरी तरह से ऐसी तस्वीरों से बनाया गया था, जिन्हें पूरी तरह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से तैयार किया गया था। इस काल्पनिक किरदार को राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ दिखाया। रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ भी पोज देते हुए दिखाया गया। इसके अलावा, अमेरिका की प्रथम महिला मेलानिया ट्रंप और यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की के साथ तस्वीरों में दिखाया गया और एक तस्वीर में वह वेनेजुएला के पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को पकड़े हुए नजर आई।
अमेरिकी सेना के दस्तावेजों में नाम मौजूद नहीं
अन्य तस्वीरों में जेसिका फोस्टर होर्मुज जलडमरूमध्य में एक युद्धपोत में हील्स पहनकर खड़ी स्थिति में भाषण देती और महिला सैनिकों के साथ खेलती व विभिन्न सैन्य गतिविधियां करती दिखाई गई। वॉशिंगटन पोस्ट ने इस खाते की जांच की और पुष्टि की कि अमेरिकी सेना के दस्तावेजों में इस तरह के नाम का कोई व्यक्ति मौजूद नहीं है।
10 साल से अधिक फोलोअर्स
खाता हटाए जाने से पहले इसके दस लाख से अधिक फोलोअर्स थे। हर पोस्ट पर 30 हजार से ज्यादा लाइक्स मिलते थे। कमेंट सेक्शन में ज्यादातर ऐसे खाते थे, जिनकी प्रोफोइल की तस्वीरों में पुरुष दिख रहे थे और उनमें से कई इस किरदार की तारीफ कर रहे थे और इसे 'अमेरिका पहले' की राजनीति से जोड़कर देख रहे थे। जबकि बहुत कम लोगों को शक था कि यह खाता असली नहीं है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर ऐसे कई खाते
बताया जा रहा है कि खाता हटाए जाने से पहले एख ओनली फेन्स पेज से जुड़ा हुआ था। प्लेटफॉर्म के एक प्रवक्ता ने वॉशिंगटन पोस्ट को बताया कि संबंधित खाता इसलिए हटा दिया गया, क्योंकि उसके बनाने वाले ने जरूरी सत्यापन प्रक्रिया पूरी नहीं की थी। हालांकि, असली खाता हटाया जाने के बाद भी कई नए खाते सामने आए ङैं, जो वही एआई से बनी तस्वीरें फिर से पोस्ट कर रहे हैं। यह अकेला मामला नहीं है। टिकटॉक, इंस्टाग्राम और एक्स पर ऐसे कई खाते हैं, जहां एआई से बनाई गई महिलाएं खुद को ट्रंप समर्थक सैनिक या पुलिस अधिकारी के रूप में दिखाकर बड़ी संख्या में लोगों को आकर्षित कर रही हैं।
यह चलन अमेरिका से बाहर भी देखा जा रहा है। बीबीसी की एक रिपोर्ट के अनुसार, ईरान की महिला सैनिकों और पायलटों के एआई से बने सैकड़ों वीडियो सोशल मीडिया पर फैल रहे हैं। जबकि ईरान में महिलाओं को लड़ाकू भूमिका में सेवा करने की अनुमति नहीं है। अमेरिका के पूर्व सांसद एडम किंजिंगर ने एख्स पर इस खाते की आलोचना करते हुए कहा कि जेसिका फोस्टर स्पष्ट रूप से असली अमेरिकी सैनिक नहीं थी। बल्कि एआई से बनाया गया किरदार थी। उन्होंने इस बात पर हैरानी जताई कि इतने बड़े स्तर पर लोग इस खाते पर भरोसा कर बैठे, खासकर कुछ लोग बिना जांच किए इसे सच मान बैठे।