पश्चिम एशिया में तनाव गहराता जा रहा है। इसी बीच, अमेरिका सेना की मध्य कमान(सेंटकॉम) ने रविवार (स्थानीय समय) को कहा कि उसने ईरान के खिलाफ हमलों की नई लहर शुरू की है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी हमलों के बाद ईरान को 'बहुत बुरी तरह नुकसान' पहुंचा है और वह समुद्री रास्ते पर नियंत्रण नहीं रख पा रहा है।
अमेरिकी सेना ने क्या कहा?
सेंटकॉम ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक पोस्ट में हमलों की जानकारी साझा करते हुए कहा कि इनका लक्ष्य तेहरान की सैन्य क्षमताएं थीं। इन्हीं क्षमताओं का इस्तेमाल होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले व्यापारिक जहाजों और आम नागरिक नाविकों पर हमले के लिए किया जा रहा था।
अमेरिकी सेना ने कहा, सेंटकॉम ने आज शाम 7 बजे (अमेरिकी समय) ईरान के खिलाफ हमलों की नई लहर शुरू की। यह लगातार नौवीं रात है। ये हमले ईरान की उन सैन्य क्षमताओं को कमजोर करते रहेंगे, जिनका इस्तेमाल होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले व्यापारिक जहाजों और नागरिक नाविकों पर हमले के लिए किया गया।
इस बीच, ईरान के सरकारी प्रसारक प्रेस टीवी ने बताया कि महशहर, इमाम खुमैनी बंदरगाहों और तबरीज शहर में कई धमाकों की आवाज सुनी गई। इसके बाद दक्षिणी ईरान के कनारक में वायु सुरक्षा प्रणाली सक्रिय कर दी गई।
ट्रंप ने क्या कहा?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान को 'बहुत बुरी तरह नुकसान' पहुंचा है। ट्रंप ने कहा, ईरान को बहुत बुरी तरह नुकसान पहुंचा है। उन्होंने अपनी लगभग सारी सैन्य क्षमता खो दी है। उनके पास कुछ उत्पादन क्षमता बची है, लेकिन ज्यादा नहीं। हम जलडमरूमध्य पर नियंत्रण रखते हैं, वे किसी चीज पर नियंत्रण नहीं रखते।
उन्होंने रविवार (स्थानीय समय) को मीडिया से बात करते हुए यह टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि ये हमले पश्चिम एशिया में मारे गए अमेरिकी सैनिकों के सम्मान में किए जा रहे हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान को लेकर आगे कहा, हम जो कर रहे हैं, उससे उनके पास परमाणु मिसाइल बनाने का कोई मौका नहीं बचेगा।
कुवैत की सेना ने क्या दावा किया?
इसी बीच, कुवैत की सेना ने कहा कि उसकी वायु रक्षा प्रणालियों ने दुश्मन के हमलों को रोक दिया है। सेना ने बताया कि ईरान की आक्रामकता के बाद उसकी वायु रक्षा प्रणालियां अब भी दुश्मन के ड्रोन हमलों का मुकाबला कर रही हैं।
आईआरजीसी ने ट्रंप के दावे पर क्या कहा?
इस बीच प्रेस टीवी ने दावा किया कि इस्लामी रिवोल्यूशन गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने सीरिया के अल-तनफ क्षेत्र में अमेरिकी विशेष अभियान कमान केंद्र पर अचानक जवाबी हमला किया।
प्रेस टीवी के अनुसार, आईआरजीसी ने कहा कि इस तरह के हमले अमेरिकी सरकार के बार-बार किए गए अपराधों और उकसावे के खिलाफ वैध जवाब हैं। उसने यह भी कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य पर ईरान का मजबूत नियंत्रण बना हुआ है। रिपोर्ट में यह भी कहा गया कि आईआरजीसी ने दावा किया है कि इस रणनीतिक समुद्री मार्ग पर पूरा नियंत्रण अभी भी उसके हाथों में है।
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ओमान तट के पास जहाज में लगी आग
ईरान और अमेरिका के इन दावों के बीच, यूकेएमटीओ ने बताया कि ओमान के तट के पास समुद्री घटना हुई है। इसमें कुमजार के पास एक जहाज में आग लग गई। हालांकि, आग लगने का कारण पता नहीं चल पाया है।
प्रेस टीवी ने यह भी बताया कि संयुक्त अरब अमीरात के रास अल खैमा में तीन धमाकों की खबरें सामने आई हैं।
सेंटकॉम ने रविवार (स्थानीय समय) को कहा कि उसने 17 जुलाई को जॉर्डन में ईरानी हमले के बाद एक अमेरिकी सैन्यकर्मी के अवशेष बरामद किए हैं। साथ ही उसने अलग से बताया कि इराक में एक अमेरिकी सैनिक की मौत हुई है।