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अमेरिका: बाइडन ने 2012 में हुई गुरुद्वारा हिंसा को किया याद, कहा- नफरत को जगह न दें

Fri, 06 Aug 2021 01:45 AM IST
Jeet Kumar पीटीआई, वाशिंगटन

सार

राष्ट्रपति जो बाइडन ने कहा कि हम ओक क्रीक में खोए हुए लोगों को याद करते हैं, हमें नफरत और कट्टरता के खिलाफ खड़े रहना होगा और यह हमें सुनिश्चित करना होगा
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जो बाइडन (फाइल फोटो) - फोटो : PTI
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विस्तार
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अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने गुरुवार को 2012 में विनकोन्सिन में हुई गुरुद्वारे की हुई घटना को याद किया। बाइडन ने ट्वीट किया कि आज से नौ साल पहले हम लोगों ने एक गुरुद्वारे में एक श्वेत वर्चस्ववादी द्वारा दस लोगों को गोली मारने का घृणा का कृत्य देखा था।

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अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि जैसा कि हम ओक क्रीक में खोए हुए लोगों को याद करते हैं, हमें नफरत और कट्टरता के खिलाफ खड़े रहना होगा और यह सुनिश्चित करना होगा कि सभी बिना किसी डर के विश्वास करने में सक्षम हों।

बता दें कि 5 अगस्त 2012 को एक श्वेत वर्चस्ववादी ने विनकोन्सिन में ओक क्रीक गुरुद्वारे के अंदर आग लगा दी, जिसमें छह लोग मारे गए थे। 2020 में चुनाव के दौरान भी ओक क्रीक गुरुद्वारा गोलीबारी के पीड़ितों को याद किया गया था। इस आयोजन में कई सांसद और सिख समुदाय के लोग शामिल हुए थे। उन्होंने लोगों से बंदूक हिंसा को कम करने और नफरत को कोई सुरक्षित ठिकाना नहीं देने का आग्रह किया था।
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राष्ट्रपति जो बाइडन ने 6 अगस्त 2020 को कहा था कि हमने जो खोया है उसका सही मायने में सम्मान करने के लिए, यह हम सभी पर निर्भर है कि हम अपने जीवन में कट्टरता के खिलाफ खड़े हों नफरत को जगह न दें और बंदूक हिंसा को कम करें।

इस घटना में मारे गए छह पीड़ितों में एक महिला शामिल थी। परमजीत कौर (41) के अलावा 65 वर्षीय सतवंत सिंह कालेका, गुरुद्वारे के संस्थापक- प्रकाश सिंह (39), सीता सिंह (41), रंजीत सिंह (49),  और सुवेग सिंह खट्टरा (84)। सभी पुरुष पीड़ितों ने अपने सिख धर्म का हिस्सा पगड़ी पहनी थी।

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