फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

US: इस साल 10 लाख भारतीयों को वीजा देगा अमेरिका! इन लोगों को दी जाएगी प्राथमिकता

Sat, 22 Apr 2023 12:24 PM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन

सार

डोनाल्ड लू ने बताया कि उनकी सरकार इस साल करीब दस लाख वीजा जारी करने वाली है। यह एक रिकॉर्ड है और इसमें रिकॉर्ड नंबर में छात्रों और अप्रवासियों को वीजा जारी किए जाएंगे। 
विज्ञापन
एच-1बी वीजा - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

अमेरिका इस साल 10 लाख भारतीयों को वीजा दे सकता है। अमेरिकी सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी और कहा कि बाइडन सरकार जल्द ही वीजा जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर देगी। यूएस असिस्टेंट सेक्रेटरी ऑफ स्टेट फॉर  साउथ एंड सेंट्रल एशिया डोनाल्ड लू ने बताया कि इस हफ्ते से वर्क वीजा जैसे एच-1बी और एल वीजा को प्राथमिकता देना शुरू कर देंगे। बता दें कि भारत के आईटी पेशेवरों में अमेरिका के एच-1बी वीजा की बहुत डिमांड है। 

विज्ञापन


भारतीयों को मिलेगा फायदा
एच-1बी वीजा एक गैर प्रवासी वीजा है, जो अमेरिकी कंपनियों को विदेश से तकनीकी दक्ष लोगों को नौकरी देने की सुविधा देता है। तकनीकी खासकर आईटी कंपनियां इसी एच-1बी वीजा की मदद से हर साल हजारों तकनीकी कर्मचारियों को अमेरिका बुलाती हैं। भारत और चीन के कुशल कर्मचारियों को इस वीजा से सबसे ज्यादा फायदा मिलता है। डोनाल्ड लू ने बताया कि उनकी सरकार इस साल करीब दस लाख वीजा जारी करने वाली है। यह एक रिकॉर्ड है और इसमें रिकॉर्ड नंबर में छात्रों और अप्रवासियों को वीजा जारी किए जाएंगे। 

अभी वीजा के लिए इंतजार लंबा
भारत में बड़ी संख्या में लोग अमेरिका जाने की इच्छा रखते हैं। इनमें बड़ी संख्या तकनीकी कर्मचारियों और छात्रों की है। हालांकि भारत में अमेरिकी वीजा के लिए इंतजार का बढ़ता समय चिंता का सबब बना हुआ है। पहली बार अमेरिका के वीजा के लिए अप्लाई करने वालों लोगों को सालभर तक इंतजार करना पड़ रहा है। खासकर बिजनेस और पर्यटन के लिए भारतीयों को अमेरिका के वीजा के लिए लंबा इंतजार करना पड़ रहा है। यही वजह है कि अमेरिका ने भारत से छात्रों और कुशल कामगारों को बुलाने के लिए बड़ी संख्या में वीजा जारी करने का फैसला किया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


बता दें कि उच्च शिक्षा के लिए अमेरिका आने वाले अंतरराष्ट्रीय छात्रों में दूसरी सबसे बड़ी संख्या भारतीय छात्रों की है। 

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें