ईरान और अमेरिका के बीच तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। एक ओर दोनों देशों के बीच बातचीत की कोशिशें जारी हैं, तो दूसरी ओर बयानबाजी ने हालात को और अधिक गरमा दिया है। ईरान की संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाकेर गालिबाफ ने कहा कि अमेरिका के राष्ट्रपति ने एक घंटे में सात दावे किए, जिनमें से सातों झूठे थे। हालांकि गालिबाफ ने यह साफ नहीं किया कि वे किन बयानों की बात कर रहे थे। ट्रंप को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि अमेरिका ने नौसैनिक नाकाबंदी जारी रखी, तो ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद करने पर मजबूर हो सकता है।
ट्रंप ने यह भी दावा किया कि ईरान के साथ रविवार से बातचीत आगे बढ़ेगी और इसका उद्देश्य स्थायी सीजफायर की दिशा में ठोस कदम उठाना होगा। उनके मुताबिक ईरान समुद्री रास्तों से हटाई गई माइन हटाने में अमेरिका की मदद कर रहा है।
ये भी पढ़ें:- सीजफायर के साए में धमाका: लेबनान में इस्राइली हमला; मार्को रुबियो और सऊदी विदेश मंत्री होर्मुज पर करेंगे मंथन
इसके अलावा उन्होंने कहा कि ईरान अपने संवर्धित यूरेनियम को अमेरिका को सौंप देगा और अपने परमाणु कार्यक्रम को अनिश्चित समय के लिए रोकने पर सहमत हो गया है। ट्रंप ने यह भी दावा किया कि अमेरिका और ईरान मिलकर ईरान के न्यूक्लियर साइट्स से यूरेनियम हटाने पर काम करेंगे।