क्या है पूरा मामला?
बता दें कि ये पूरा मामला तब का है जब मूल रूप से कर्नाटक के रहने वाले 50 वर्षीय चंद्र मौली 'बॉब' नागमल्लैया पर 10 सितंबर को डाउनटाउन सूट्स मोटल में चाकू से हमला किया गया। वे यहीं रहते थे और काम करते थे। उनकी पत्नी और 18 वर्षीय बेटे के सामने हुए इस हमले ने भारतीय-अमेरिकी समुदाय को गहराई से झकझोर दिया है। आरोपी 37 वर्षीय योर्डानिस कोबोस-मार्टिनेज पर हत्या का आरोप लगाया गया है। अमेरिकी आव्रजन अधिकारियों ने पुष्टि की है कि उसे पहले भी हिरासत में लिया गया था, लेकिन क्यूबा की ओर से उसके निर्वासन को स्वीकार करने से इनकार करने के बाद उसे जनवरी 2025 में रिहा कर दिया गया।
अंतिम संस्कार में करीबी परिवार और दोस्त शामिल
नागमल्लैया का अंतिम संस्कार 13 सितंबर को टेक्सास के फ्लावर माउंड में हुआ, जिसमें उनके करीबी परिवार और दोस्त शामिल हुए। उनके परिवार की सहायता के लिए एक धन उगाहने वाले अभियान ने 321,326 अमेरिकी डॉलर से अधिक की राशि जुटाई है। इस हत्या ने आव्रजन प्रवर्तन और अमेरिकी अधिकारियों के सामने आने वाली चुनौतियों पर बहस को फिर से शुरू कर दिया है, जब देश निर्वासित लोगों को स्वीकार करने से इनकार करते हैं।