ईरान से हमले की आशंका के बीच अमेरिका के सबसे खतरनाक बमवर्षक लड़ाकू विमानों में से एक बी-52 गल्फ के आसमान से उड़ान भरी। इससे पहले बुधवार को खाड़ी क्षेत्र में दो बी-52 बमवर्षक लड़ाकू विमानों को उड़ान भरते देखा गया।
इस महीने ऐसा दूसरी बार हुआ है, जब अमेरिका के लड़ाकू विमान खाड़ी क्षेत्र के आसमान में दिखाई दिए हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान अमेरिका के सहयोगियों पर ईराक या किसी अन्य स्थान पर हमला करने की साजिश रच रहा है।
माना जा रहा है कि इसी के जवाब में अमेरिका यह कदम उठा रहा है।अमेरिका के रक्षा सूत्रों की के मुताबिक, ईरान कुछ बड़ा करने की साजिश रच रहा है।
बताया जा रहा है कि जनवरी में जो बाइडन के अमेरिकी राष्ट्रपति का पद संभालने से पहले ईरान की ओर से बड़ी कार्रवाई हो सकती है। अमेरिका के लड़ाकू विमानों ने बुधवार को उत्तरी डकोता से उड़ान भरी और खाड़ी क्षेत्र का चक्कर लगाकर वापस अपने एयरबेस पर चले गए।
इस साल की शुरुआत में ही तीन जनवरी को अमेरिका ने एक ड्रोन हमले में ईरान के सैन्य कमांडर जनरल कासिम सुलेमानी को मार गिराया था। इस एक घटना के बाद ईरान पूरी तरह गुस्से से बौखला गया था।
सुलेमानी की मौत के पांच दिन बाद ही ईरान ने इराक स्थित अमेरिकी सैन्य कैंप पर मिसाइल दाग दी थी। इसमें करीब 100 सैनिक घायल हुए थे। ईरान में बदले की आग अभी भी शांत नहीं हुई है और वह अमेरिका को सबक सिखाना चाहता है। पिछले हफ्ते ईरान समर्थित शिया समूह ने बगदाद में अमेरिकी दूतावास पर रॉकेट दागे थे।
अमेरिका ने बताया था कारण
खाड़ी क्षेत्र में अपने बमवर्षक विमानों के उड़ान भरने पर अमेरिका ने कहा है कि यह अपनी सुरक्षा के लिए उठाया गया कदम है। सेंट्रल कमांड के कमांडर जनरल फ्रैंक मैकेंजी ने कहा कि किसी भी तरह के खतरे के खिलाफ खुद को तैयार रखने के लिए यूएस सेंट्रल कमांड यह अभ्यास कर रही है। हम खुद को युद्ध की स्थिति के लिए तैयार रखना चाहते हैं। हम तनाव नहीं चाहते हैं, लेकिन अपनी रक्षा करने की हमारी ताकत को कम करके नहीं आंकना चाहिए।