एक अधिकारी ने बताया कि एनआईए की टीम मामले की जांच के लिए गुरुवार को नागपुर पहुंची थी। इस मामले में कर्नाटक की जेल में बंद हत्या के एक दोषी को गिरफ्तार किया गया था।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी को धमकी भरे फोन कॉल के मामले में नागपुर पुलिस से दस्तावेज लेने के बाद राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) मुंबई के लिए रवाना हो गई। अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी।
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एक अधिकारी ने बताया कि एनआईए की टीम मामले की जांच के लिए गुरुवार को नागपुर पहुंची थी। इस मामले में कर्नाटक की जेल में बंद हत्या के एक दोषी को गिरफ्तार किया गया था।
पुलिस के अनुसार, जयेश पुजारी उर्फ कांठा पर पड़ोसी राज्य कर्नाटक के बेलगाम की एक जेल से फोन करने का आरोप है। 14 जनवरी को उसने खुद को दाऊद इब्राहिम गिरोह का सदस्य बताते हुए गडकरी से 100 करोड़ रुपये की मांग की, जबकि उसीने 21 मार्च को दूसरी बार फोन कर 10 करोड़ रुपये मांगे।
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पुलिस द्वारा गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम (यूएपीए) लागू करने के बाद उसे 28 मार्च को नागपुर लाया गया था। उन्होंने कहा, एनआईए की टीम शुक्रवार को मुंबई के लिए रवाना हुई। उन्होंने जांच रिपोर्ट ले ली है और हमें मामले से संबंधित कुछ दस्तावेज तैयार करने को कहा है।
अधिकारी ने बताया कि पुलिस जांच में पाया गया कि उसके लश्कर-ए-तैयबा के सदस्यों से संबंध थे और उसने देश के पूर्वोत्तर में आतंकवादियों से हथियार चलाने का प्रशिक्षण भी लिया था, जिसके बाद गृह मंत्रालय ने एनआईए को जांच शुरू करने का निर्देश दिया था।
नागपुर पुलिस के एक अधिकारी ने गुरुवार को कहा था, उप महानिरीक्षक रैंक के अधिकारी के नेतृत्व में एनआईए की एक टीम नागपुर पहुंची है। एनआईए की टीम ने धनटोली पुलिस स्टेशन में दर्ज दो अपराधों के केस पेपर अपने कब्जे में ले लिए। वे फैसला करेंगे कि क्या कांठा को तुरंत गिरफ्तार करने की जरूरत है।